हिमखबर डेस्क
केंद्रीय विश्वविद्यालय हिमाचल प्रदेश जुलाई माह से पांच प्रमुख पाठ्यक्रमों में ऑनलाइन शिक्षा प्रदान करेगा। इसके लिए विश्वविद्यालय ने दूरवर्ती और ऑनलाइन शिक्षण केंद्र की स्थापना की है। पहले चरण में विश्वविद्यालय का यह केंद्र स्नातकोत्तर डिग्री कार्यक्रमों जैसे एमबीए, एमसीए, एम.ए. इतिहास, एम.ए. अर्थशास्त्र और एम.ए. राजनीति शास्त्र को शुरू करेगा।
इस संबंध में केंद्रीय विश्वविद्यालय हिमाचल प्रदेश के कुलपति प्रो. सत प्रकाश बंसल ने दूरवर्ती और ऑनलाइन शिक्षण केंद्र के प्रतीक चिन्ह (LOGO) का अनावरण किया और बताया कि यह केंद्र देशभर के विद्यार्थियों और विदेशों के विद्यार्थियों के लिए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करेगा।
उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय ने उन विद्यार्थियों के लिए ऑनलाइन शिक्षा का मॉडल तैयार किया है, जो पारंपरिक शिक्षा प्रणाली से वंचित हैं। यह विश्वविद्यालय का दायित्व है कि हम उन वंचित विद्यार्थियों को शिक्षा प्रदान करें।
निदेशक प्रो. विशाल सूद के बोल
केंद्र के निदेशक प्रो. विशाल सूद ने प्रतीक चिन्ह के अनावरण के लिए कुलपति का आभार व्यक्त किया और बताया कि ऑनलाइन शिक्षण सामग्री का निर्माण तेजी से किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में एक मीडिया लैब भी स्थापित की जा रही है, जहां पाठ्यक्रमों से संबंधित विषयों के व्याख्यानों की वीडियो रिकॉर्डिंग की जाएगी।
इसके साथ ही केंद्र की वेबसाइट भी तैयार की जा रही है, जहां विद्यार्थी विभिन्न जानकारियां प्राप्त कर सकेंगे और प्रवेश के लिए आवेदन कर सकेंगे। विद्यार्थी कम शुल्क पर इन ऑनलाइन कार्यक्रमों में प्रवेश ले सकेंगे, जिससे विभिन्न प्रकार के विद्यार्थी लाभान्वित होंगे। भविष्य में, अन्य विषयों में भी स्नातक और स्नातकोत्तर कार्यक्रमों की शुरुआत की जाएगी, ताकि विद्यार्थियों को ऑनलाइन शिक्षा का और अधिक विकल्प मिल सके।
ये रहे उपस्थित
प्रतीक चिन्ह के अनावरण के दौरान प्रो. विशाल सूद, कुलसचिव प्रो. सुमन शर्मा, साहसिक और सांस्कृतिक पर्यटन संवर्धन केंद्र के निदेशक प्रो. संदीप कुलश्रेष्ठ, सह निदेशक डॉ. चमन लाल और सहायक निदेशक डॉ. हरीश गौतम भी उपस्थित थे।