
शिमला- जसपाल ठाकुर
उपचुनाव में मिली करारी शिकस्त के बाद पिछले तीन दिन से आत्ममंथन में जुटी भाजपा के लिए शुक्रवार का दिन राहत भरा रहा। फतेहपुर उपचुनाव में टिकट न मिलने और फिर पार्टी और सरकार के कुछ लोगों की तथाकथित प्रताड़ना से नाराज कृपाल परमार ने शुक्रवार को पार्टी उपाध्यक्ष पद से दिया इस्तीफा वापस ले लिया। साथ ही राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा, प्रदेश भाजपा प्रभारी अविनाश राय खन्ना और अन्य से बातचीत के बाद वह प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में भी शामिल हुए।
पहले कहा जा रहा था कि वह बैठक में शामिल नहीं होंगे, लेकिन खन्ना के फोन पर संपर्क करने के बाद वह मान गए। परमार ने बताया कि उनकी जो भी समस्या थी, वह पार्टी से साझा की थी। उपयुक्त मंच से उन्हें आश्वासन मिले हैं। वह पार्टी के कर्मठ कार्यकर्ता हैं, इसलिए पार्टी के आदेश के अनुसार ही काम करेंगे। बता दें, मंगलवार को कृपाल परमार ने इस्तीफा देते हुए आरोप लगाए थे कि संगठन और सरकार में बैठे कुछ लोग प्रताड़ित कर रहे हैं, इसलिए वह पद से इस्तीफा दे रहे हैं।
उनके इस्तीफे की खबर सार्वजनिक होने के बाद पहले ही हार पर चिंतन में जुटी भाजपा के नेताओं के माथे पर शिकन और बढ़ गई थी। हालांकि, इस बीच खन्ना और मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने भी उनसे बात कर समस्या के समाधान का आश्वासन दिया। इसके बाद अब फिलहाल हालात सामान्य हो गए हैं।
सरकार, संगठन और कार्यकर्ता में आपसी संवाद पर फोकस होना जरूरी : जयराम भाजपा कार्यसमिति की बैठक के दौरान मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने मिशन 2022 रिपीट करने के लिए कमर कसकर तैयार रहने का आह्वान किया। कहा कि सरकार, संगठन और कार्यकर्ताओं के बीच आपसी संवाद बेहद जरूरी है।
