राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) शिविर के पांचवें दिन साइबर अपराध एवं साइबर सुरक्षा विषय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया, इस दौरान स्वयंसेवियों को ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचने और इंटरनेट का सुरक्षित इस्तेमाल करने के प्रति जागरूक किया गया, साथ ही कंप्यूटर साइंस प्रवक्ता अब्दुल मजीद ने स्वयंसेवियों को साइबर अपराधों से बचाव के बताए महत्वपूर्ण उपाय।
हिमखबर डेस्क
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय ऋषिकेश में आयोजित सात दिवसीय राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) शिविर के पांचवें दिन की शुरुआत प्रभात फेरी से हुई। स्वयंसेवियों ने प्रभात फेरी के माध्यम से जागरूकता का संदेश दिया। इसके उपरांत विद्यार्थियों ने हल्का व्यायाम एवं योगाभ्यास किया, जिससे उन्हें शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ रहने के लिए प्रेरणा मिली।
शिविर के दौरान आज कंप्यूटर साइंस प्रवक्ता श्री अब्दुल मजीद ने संसाधन व्यक्ति (रिसोर्स पर्सन) के रूप में शिरकत की और स्वयंसेवियों को साइबर अपराध एवं साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक किया। अपने संबोधन में अब्दुल मजीद ने कहा कि डिजिटल युग में इंटरनेट और स्मार्टफोन का उपयोग जितना सुविधाजनक है, उतना ही आवश्यक इनके सुरक्षित उपयोग के प्रति जागरूक रहना भी है।
उन्होंने विद्यार्थियों को साइबर अपराधों के विभिन्न प्रकारों, ऑनलाइन धोखाधड़ी, फर्जी कॉल, संदिग्ध लिंक, फिशिंग और सोशल मीडिया पर होने वाले अपराधों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने समझाया कि किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ OTP, पासवर्ड, बैंक संबंधी जानकारी या अन्य निजी विवरण साझा नहीं करने चाहिए। सोशल मीडिया का उपयोग करते समय अपनी गोपनीयता बनाए रखना और अनजान लिंक पर क्लिक करने से बचना बेहद जरूरी है।
उन्होंने विद्यार्थियों को मजबूत पासवर्ड बनाने, दो-स्तरीय प्रमाणीकरण अपनाने तथा किसी भी संदिग्ध ऑनलाइन गतिविधि के प्रति सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि साइबर सुरक्षा केवल तकनीकी विषय नहीं, बल्कि प्रत्येक इंटरनेट उपयोगकर्ता की जिम्मेदारी है। जागरूकता और सावधानी अपनाकर साइबर अपराधों से काफी हद तक बचा जा सकता है।
इसके उपरांत एनएसएस स्वयंसेवियों ने स्वच्छ भारत अभियान के अंतर्गत अपने गोद लिए गांव डमली में स्वच्छता अभियान चलाया। स्वयंसेवियों ने विभिन्न स्थानों की साफ-सफाई कर ग्रामीणों को स्वच्छता के महत्व के प्रति जागरूक किया तथा स्वच्छ वातावरण बनाए रखने का संदेश दिया।
शाम के समय स्वयंसेवियों के शारीरिक विकास और मनोरंजन के लिए विभिन्न खेलकूद प्रतियोगिताओं एवं मनोरंजक गतिविधियों का आयोजन किया गया। विद्यार्थियों ने पूरे उत्साह के साथ इन गतिविधियों में भाग लिया।
शिविर के पांचवें दिन आयोजित गतिविधियों के माध्यम से स्वयंसेवियों को डिजिटल सुरक्षा, सामाजिक जिम्मेदारी, स्वच्छता और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूक किया गया। यह शिविर विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के साथ-साथ उन्हें तकनीकी रूप से जागरूक, अनुशासित और जिम्मेदार नागरिक बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।

