बैजनाथ – आशुतोष
प्रदेश की सबसे बड़ी नगर पंचायत बैजनाथ पपरोला में हाल ही में हुए चुनावों को चुनौती देने के लिए पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष कांता देवी ने उच्च न्यायालय का रुख किया है। उन्होंने अपनी दायर याचिका के माध्यम से बीते 9 जुलाई को हुए नगर पंचायत में रिक्त पड़े पदों अध्यक्ष व उपाध्यक्ष के चुनावों को चुनाैती दी है।
उन्होंने बताया कि चुनावों में प्रक्रिया का सही ढंग से पालन नहीं किया गया है व एसडीएम की अनुपस्थिति में यह चुनाव तहसीलदार के माध्यम से करवाए गए हैं। हालांकि बैजनाथ के एसडीएम देवी चंद ठाकुर ने कहा है कि माननीय उच्च न्यायालय की ओर से इस संबंध में कोई आदेश या रोक नहीं लगाई गई है।
ऐसे में नगर पंचायत में नवनिर्वाचित दोनों पदों पर आसीन पदाधिकारी अपने कामकाजों को कर सकेंगे। उन्होंने स्पष्ट किया है कि शहरी विकास विभाग व प्रदेश सरकार की ओर से इस संबंध में माननीय उच्च न्यायालय में अपना जवाब दर्ज किया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि बीते 9 जुलाई को नगर पंचायत के सभागार में रिक्त चल रहे अध्यक्ष व उपाध्यक्ष पदों के चुनाव को लेकर बैठक बुलाई गई थी, जिसमें दोनों ही पदों पर नगर पंचायत अध्यक्ष के लिए पूर्व अध्यक्ष कांता देवी व आशा कुमारी ने अपने-अपने नामांकन भरे जबकि उपाध्यक्ष पद पर पूर्व नगर पंचायत उपाध्यक्ष वेदना कुमारी व वार्ड नंबर-8 के पार्षद राजन कुमार ने भी अपना नामांकन भरा।
चुनावों में दोनों ही पदों पर खड़े उम्मीदवाराें को 6-6 मत मिले, जिसके बाद पर्ची सिस्टम के माध्यम से नगर पंचायत अध्यक्ष पद पर आशा कुमारी व उपाध्यक्ष पद के लिए राजन कुमार का नाम आया। इसके बाद चुनाव निर्वाचन अधिकारी तहसीलदार रमन ठाकुर ने दोनों नवनिर्वाचित पदाधिकारियाें को उनके विजयी प्रशस्ति पत्र देकर उन्हें विजयी घोषित किया।
नगर पंचायत की पूर्व अध्यक्ष कांता देवी ने बताया कि यह उनका संवैधानिक अधिकार था इसलिए उन्होंने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। उन्होंने बताया कि नगर पंचायत में हुए चुनावों को लेकर मामला माननीय उच्च न्यायालय में विचाराधीन है। वह इस मामले में कुछ ज्यादा नहीं बोलना चाहती हैं।
एसडीएम देवी चंद ठाकुर के बोल
बैजनाथ के एसडीएम देवी चंद ठाकुर ने बताया कि नगर पंचायत में हुए चुनावों को लेकर माननीय हाईकोर्ट में दायर चुनाैती को लेकर प्रदेश सरकार की ओर से जवाब दिया जाएगा। जब नगर पंचायत के चुनाव हुए थे, तब वह अवकाश पर थे व उन्होंने तहसीलदार बैजनाथ को अपना कार्यभार सौंपा था।
एसडीएम ने कहा कि मामला माननीय हाईकोर्ट पहुंचा है व माननीय हाईकोर्ट इस पर जो भी संज्ञान लेगा उसके अनुसार आगामी कार्रवाई को अंजाम दिया जाएगा।

