सीएम को कॉल करते ही शुरू हुआ रेस्क्यू ऑपरेशन, मणिपुर से सुरक्षित निकाले 5 हिमाचली छात्र

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शिमला – नितिश पठानियां

मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू एक बार फिर संकट मोचक के रूप में उभर कर सामने आए हैं। दरअसल, मणिपुर हिंसा के बीच हिमाचल प्रदेश के कुछ बच्चों ने मुख्यमंत्री को फोन कर वहां से रेस्क्यू करने के लिए उनकी मदद मांगी।

मुख्यमंत्री को फोन करने के तुरंत बाद इन पांच बच्चों को इम्फाल ईस्ट से रेस्क्यू किया गया, जिनमें एक लडक़ी भी शामिल है। इनमें से तीन बच्चे एनआईटी के विद्यार्थी, जबकि दो नेशनल स्पोट्र्स यूनिवर्सिटी मणिपुर के विद्यार्थी हैं।

रेस्क्यू किए गए बच्चों में से तीन मंडी, एक कुल्लू और एक हमीरपुर जिला का रहने वाला है। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने सारी रात खुद स्वयं रेस्क्यू मिशन की निगरानी की।

बच्चों को मणिपुर से बाहर निकालने में सबसे बड़ी दिक्कत इम्फाल से फ्लाइट न मिलने की थी, क्योंकि सभी फ्लाइट फुल जा रही थीं। ऐसे में उनके लिए सीट का इंतजाम करना एक टेढ़ी खीर था।

मुख्यमंत्री के आदेश पर अधिकारियों ने इंडिगो से विशेष फ्लाइट चलाने का अनुरोध किया, जिसे एयरलाइंस ने मान लिया। जवाब आया कि सुबह 8.20 बजे इम्फाल से विशेष फ्लाइट उड़ान भरेगी, लेकिन मुश्किल यहां भी खत्म नहीं हुई, फ्लाइट पर सवार होने के लिए बच्चों को सुरक्षित एयरपोर्ट पर पहुंचाना भी अपने आप में कम चुनौती नहीं था, क्योंकि यह क्षेत्र हिंसाग्रस्त था।

इसके बाद मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू के निर्देश पर अधिकारियों ने स्थानीय पुलिस और सेना से संपर्क कर बच्चों को सुरक्षित एयरपोर्ट पर पहुंचाने के लिए मदद मांगी और सुबह तडक़े सवा पांच बजे बच्चों को इम्फाल एयरपोर्ट पर पहुंचा दिया गया। सुबह 10:10 पर यह बच्चे इम्फाल से निकलकर कोलकाता एयरपोर्ट पर पहुंच गए

आज शाम तक यह बच्चे सुरक्षित दिल्ली पहुंच जाएंगे। सभी सुरक्षित बच्चों ने राज्य सरकार का संकट की घड़ी में मदद करने के लिए मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू का धन्यवाद किया है। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने न सिर्फ बच्चों की सही समय पर मदद की, बल्कि उनको सुरक्षित निकालने का पूरा खर्च भी राज्य सरकार ने वहन किया।

इस संबंध में मुख्यंमत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने बताया कि बच्चों ने उनसे हिंसाग्रस्त मणिपुर से उन्हें बाहर निकलने में उनसे मदद मांगी थी और उन्हें सुरक्षित स्थान पर पहुंचा दिया गया है। उन्होंने कहा कि वह स्वयं सारी रात पल-पल बच्चों को रेस्क्यू करने की डिटेल अधिकारियों से लेते रहे और उनके कुशलतापूर्वक कोलकाता पहुंचने तक हालात पर नजर बनाए हुए थे।

उन्होंने कहा कि अगर अन्य किसी हिमाचली को भी मणिपुर से बाहर निकलने के लिए मदद की आवश्यकता है तो वह फोन नंबर 89883-41921, 0177-2929688, 0177-2629439 पर कॉल कर सकते है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार उन्हें हर संभव मदद प्रदान करने का प्रयास करेगी।

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