व्यूरो रिपोर्ट
जिला परिषद काडर कर्मचारी महासंघ 6 वे वेतनमान की मांग को लेकर फिर मुख्य संसदीय सचिव संजय अवस्थी के द्वार पहुंच गया है। कुछ समय पूर्व यह संघ मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सूक्खु, ग्रामीण एवं विकास मंत्री अनिरुद्ध सिंह ठाकुर व मुख्य संसदीय सचिव संजय अवस्थी से मिला था।
यहाँ पर विदित रहे कि जिला परिषद काडर के करीब 4800 कर्मचारी 6 वें वेतनमान से वंचित है।इन कर्मचारियों ने विभाग में विलय व 6 वे वेतनमान को लेकर जून 2022 के अंतिम सप्ताह में पैन डाउन स्ट्राइक शुरू की थी। यह हड़ताल 13 दिनों तक चली थी। इससे उस समय की सरकार दवाब में आ गई थी।
इसी का ही परिणम था तत्कालीन मुख्यमंत्री ने जयराम ठाकुर ने 15 अगसत को 6वे वेतनमान की घोषणा थी। सितम्बर में अधिसूचना भी जारी कर दी थी लेकिन इन कर्मचारियों को आज तक 6वे वेतनमान का लाभ तक नही मिला। उन्होंने मांग की है कि उन्हें विभाग में विलय किया जाए और सरकारी कर्मचारी घोषित किया जाए।
जिला परिषद कर्मचारी व अधिकारी महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष राजेश ठाकुर का कहना है कि जिला परिषद कर्मचारियों को छठे वेतन आयोग का लाभ अभी तक नहीं मिला है। इन मांगों को लेकर उन्होंने सीएम सुक्खू से भी मुलाकात की है,और जब संजय अवस्थी पिछले कार्यकाल में विधायक थे तब भी उन्होंने हड़ताल के दौरान उनको आश्वासन दिया था कि उनकी मांगों पर गौर किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि उनका मुद्दा था कि उन्हें विभाग में विलय किया जाए इसको लेकर मुख्यमंत्री से मिले हैं और उन्होंने कर्मचारियों को आश्वस्त किया है। राजेश ठाकुर ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि कांग्रेस की सरकार उनकी मांगों पर ध्यान देगी और इसे जल्द पूरा करेगी।
बहरहाल प्रदेश में व्यवस्था परिवर्तन करने वाली कांग्रेस सरकार है और इन कर्मचारियों को उम्मीद है कि इनकी मांगों पर ध्यान दिया जाएगा और सरकारी कर्मचारी घोषित होने के साथ इन्हें छठे वेतन आयोग का लाभ मिलेगा।

