
मंडी – अंशुल दीक्षित
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कौल सिंह ठाकुर की बेटी चंपा ठाकुर ने कहा कि सदर हलका उनकी कर्मभूमि है। वह कई सालों से जनता के सुख दुख में साथ रही है। आने वाला विधानसभा चुनाव वह हर हाल में लड़ेंगी। कोई भी ताकत उन्हें चुनाव लड़ने से नहीं रोक सकती है। कांग्रेस के टिकट पर उनका अधिकार है।
पंडित सुखराम परिवार की तरह बुरे वक्त में पलायन नहीं किया,बल्कि चट्टान की तरह पार्टी के साथ खड़ी रही। सदर हलके के भाजपा विधायक पौने पांच साल में क्षेत्र में एक भी विकास कार्य नहीं करवा पाए। कोरोना काल में जब लोगों को उनकी जरूरत थी तो वह घर में दुबके रहे। तीन साल तक जनता का हाल पूछना उचित नहीं समझा।
शनिवार को मंडी में पत्रकारों से बात करते हुए चंपा ठाकुर ने कहा कि अपने परिवार का हित साधने के लिए अनिल शर्मा ने सदर की जनता से धोखा किया है। सदर की जनता ने भारी मतों से विजयी बनाकर विधानसभा में भेजा था।
जयराम सरकार में ऊर्जा मंत्री का दायित्व मिला था। बेटे के टिकट के खातिर भाजपा से विवाद पैदा कर मंत्री पद छोड़ दिया। क्षेत्र की जनता को विश्वास में लेना उचित नहीं समझा। अनिल शर्मा के ऊर्जा मंत्री बनने से सदर हलके की जनता को 191 मेगावाट क्षमता का थाना पलौण पनविद्युत प्रोजेक्ट स्थापित होने की उम्मीद बंधी थी।
दो साल तक मंत्री रहते हुए अनिल शर्मा प्रोजेक्ट को धरातल पर उतारने की दिशा में कोई सार्थक प्रयास नहीं कर पाए। पिछली सरकार में वीरभद्र सिंह को कोसते रहे, अब मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से विवाद कर कोपभवन में बैठे हुए हैं।
विधानसभा के अंदर व बाहर क्षेत्र की जनता की समस्या उठाने के बजाय अपने परिवार के हित के लिए आवाज उठाते रहे।
