
चम्बा – भूषण गुरुंग
चंबा मेडिकल कॉलेज के शिशु रोग वार्ड में एक बिस्तर पर दो बीमार बच्चों का इलाज किया जा रहा है। सुबह 10:00 बजे शिशु रोग ओपीडी के बाहर अभिभावक अपने बीमार बच्चों की स्वास्थ्य जांच करवाने के लिए खड़े हैं। सुरक्षा कर्मी अभिभावकों से उनकी पर्ची लेकर उन्हें बारी-बारी से ओपीडी के अंदर भेज रहा है।
कुछ अभिभावक अपने बच्चों को लेकर फर्श पर ही बैठ जाते हैं। 11:00 बजे कुछ अभिभावक अपने बच्चों को चिकित्सक के पास चेकअप करवाकर ओपीडी से बाहर निकल रहे हैं। अधिकतर नौनिहाल सर्दी-जुकाम और बुखार से पीड़ित हैं।
कुछ बच्चों में ज्यादा इंफेक्शन होने की वजह से उन्हें अस्पताल में दाखिल होने की सलाह दी जा रही है। हालात ये हो जाते हैं कि एक बिस्तर पर दो-दो बीमार बच्चों को लेटाना पड़ रहा है। कुछ अभिभावक स्टूल पर बैठे हैं तो कुछ खड़े होकर अपने बीमार बच्चों पर नजर रख रहे हैं।
इन बच्चों के उपचार के लिए स्टाफ नर्सें चिकित्सीय परामर्श के अनुसार दो समय इंजेक्शन और दवाइयां दे रही हैं। 11:15 बजे बाल रोग विशेषज्ञ वार्ड में बीमार बच्चों के स्वास्थ्य की जांच करने पहुंचते हैं। इस दौरान बच्चों के अभिभावकों से फीडबैक ली जा रही है।
अस्पताल की चौथी मंजिल में भी एक बिस्तर पर दो-दो मरीजों का इलाज चल रहा है। इससे बच्चों के साथ अभिभावकों को भी परेशानी हो रही है।
कार्यकारी चिकित्सा अधीक्षक डॉक्टर देवेंद्र कुमार ने बताया कि मरीजों की संख्या बढ़ने से एक बिस्तर पर दो-दो मरीज लेटाने पड़ रहे हैं। जबकि उनके इलाज को लेकर वार्ड में बेहतर प्रबंध किए गए हैं।
