
काँगड़ा, राजीव जस्वाल
बेरोजगार शारीरिक शिक्षक संघ के प्रदेशाध्यक्ष संदीप घई ने कहा कि बेरोजगार शारीरिक शिक्षकों से बीते चार सालों से सौतेला व्यवहार किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि शारीरिक शिक्षकों के हजारों की संख्या में पद खाली पड़े हैं। प्रदेश सरकार ने 7 अक्टूबर 2018 को शारीरिक शिक्षकों के 2000 पदों को भरने की बात कही थी, लेकिन चार साल होने को है पर सरकार ने इन पदों को भरने के लिए अभी तक कोई कदम नहीं उठाया।
बेरोजगार शारीरिक शिक्षकों की आयु 45 पार हो रही है, लेकिन सरकार हनके बारे में कुछ भी नहीं सोच रही है। हम बीते चार सालों में सरकार के मंत्रियों व मुख्यमंत्री से कई बार मिलकर उनको ज्ञापन सौंपे, मगर सरकार ने अभी तक हमारी बात पर गौर नहीं किया है। हमेशा सरकार ने हमसे झूठे वायदे ही किए हैं। अगर ऐसा ही करना था तो सरकार ने शारीरिक शिक्षकों से डिग्रियां क्यों करवाई।
संदीप घई ने कहा कि सरकार जल्द से जल्द हिमाचल प्रदेश में बेरोजगार शारीरिक शिक्षकों के हजारों पदों को कमीशन बैच वाइज और बैकलाग के माध्यम से जल्द से जल्द भरे। उन्होंने कहा कि यह पहली बार देखा गया कि कोई सरकार बनने के बाद अभी तक शारीरिक शिक्षक कैटेगरी का अभी तक एक भी पद नहीं भर सकी है। अगर ऐसा ही चलता रहा तो प्रदेश के बेरोजगारों और प्रदेश की जनता का भाजपा से विश्वास उठ जाएगा।
बेरोजगार शारीरिक शिक्षक संघ मुख्यमंत्री से आग्रह करता है कि जो उन्होंने 2018 में शारीरिक शिक्षकों के 2000 पदों को भरने की घोषणा की थी उन पदों को भर कर बेरोजगार शारीरिक शिक्षको सहित उनके परिवारो को राहत प्रदान की जाए।
यह बात ऑनलाइन बैठक के माध्यम से संदीप घई की अध्यक्षता में जिला अध्यक्ष अनिल धीमान, संजीव कुमार, मनोज कुमार, विपिन, नरेश, सचिन, सुनील चटानी, विशाल, विपिन, संदीप, बाल कृष्ण, अशोक, देशराज, रोहित चौधरी तथा अरुण सहित अन्य सदस्यों ने अपनी बात रखी।
