
लंज, निजी संववददाता
शाहपुर विधानसभा क्षेत्र की पंचायत लंज के मनोज कुमार 52 साल की मृत्यू आज से 18 दिन पहले 23 मई को साऊथ अफ्रिका में हुई थी। उनका शव आज सुबह उनके पेतृक गांव लंज में पंहुचा। मनोज कुमार पहले भारतीय नौसेना में थे। वर्तमान में मर्चेंट नेवी में कार्यरत थे। 1 अप्रेल को घर से मुवई होते हुए अमेरिका को निकले।
जानकारी के अनुसार जब वो अमरिका से निदरलेंड होते हुए वापिस आ रहे थे, तो जहाज में ही उनकी तबियत खराब हो गई। फिर उनको हेलिकॉप्टर के माध्यम से रेस्क्यू किया गया व साऊथ अफ्रिका के एक अस्पताल में दाखिल करवाया गया था। लेकिन ज्यादा तबियत खराब होने के कारण 23 मई को उनका निधन हो गया। आज उनका शव 18 दिन वाद पेतृक गांव लाया गया।
उनके परिवार में पत्नी व दो वेटिया (सिमरन व शैली) है। मनोज कुमार का शव साऊथ अफ्रिका से आने के कारण उनका अंतिम संस्कार करोना प्रोटोकाल के तहत पीपी किट डालकर किया गया। बड़ी वेटी सिमरन ने अपने पिता को मुखाग्नी दी। प्रशासन की तरफ से लंज के पटवारी नरोत्तम सिंह, डडोली के पटवारी गणेश कुमार व पंचायत उप प्रधान हंसराज की देखरेख में किया गया तथा परिवार के सदस्य भी मौजूद रहे।
लंज खास के पूर्व प्रधान रमेश चंद दे दी शव जलाने के लिए लकडी
रमेश चंद पिछले कई सालों से लंज क्षेत्र में किसी की भी मृत्यू होने पर अपनी तरफ से पीड़ित परिवारों को शव जलाने के लिए अपने ट्रेकर में डालकर लकडी देते आए है। आज भी उन्होने अपने ट्रेकर में लकडी डालकर तिर्थ स्थल पर पंहुचाई।
