
चम्बा – भूषण गुरुंग
गत दिनों भटियात की टुंडी पंचायत के मैहली गांव में भूस्खलन की चपेट में आने से तीन मंजिला मकान व दो किचन सैड और दो पशुशाला ध्वस्त हो गए और आसपास के मकानों को भी थोड़ा बहुत नुकसान पहुंचा। इससे करीब डेढ़ करोड़ का नुकसान हुआ है।
प्रभावित प्रकाश चंद के दोनो बेटे विदेश में रहते है। मकान की देखरेख का जिम्मा एक महिला को दिया था। वह भूस्खलन के खतरे को भांपते हुए मकान से पहले ही बाहर निकलकर सुरक्षित स्थान पर पहुंच गई थी। मकान में रखा सामान, एक कार, स्कूटी भी मलबे में दब गए हैं। सोमवार को पटवारी सलमान खान ने नुकसान का आकलन कर रिपोर्ट तैयार की।
गत दिनों भारी वर्षा से मकान के ऊपरी तरफ लगती पहाड़ी से भूस्खलन होना शुरू हुआ था। कुछ ही पल में तीन मंजिला मकान भूस्खलन की चपेट में आने से जमींदोज होकर आंखों के सामने मिट्टी के मलवे में समा गया ।
मकान मालिक प्रकाश चंद जो कि दो दिन पहले ही अपने परिबार सहित मुम्बई से यहाँ पहुचे है। उनको अभी ठीक ढंग से ही अपने ने घर मे शिफ्ट हुए नही हुए थे। अभी कुछ माह पहले ही अपने बडे बेटे की शादी के बाद अपने पत्नी को लेकर मुम्बई चले गए थे। उन्हे किया पता था कि इस तरह की घटना अपने आखों के सामने देखने को मिलेगी।
प्रकाश चंद इस समय CRPF में मुम्बई मे कार्यरत है। उन्होंने मीडिया को बताया कि उन्होंने अभी हाल ही में अपनी 30 साल की नोकरी की पूरी जमा पूंजी इस घर को बनने मे लगा दि। वही उनकी पत्नी धुपलो देवी ने बताया कि उन्होने अभी हाल ही मे लाखों रुपये की जेबरात अपने बहुओं के लिए बनाये थे। उसके साथ ही अपने गहने भी घर के लॉकर में ही छोड़कर गए थे। जिसका कीमत लगभग 50 लाख के करीब हो वो भी पूरा का पूरा दल दल मे समा गई।
उन्होंने मीडिया को रुंधे हुये स्वर मे बताया कि जब वो मुम्बई से यहाँ आये थे तो उनके शरीर में एक ही लगाय हुय सूट थे। अभी भी आस है कि उनको इस मालवे में से कुछ सामान औऱ गहने मिल जाय। उन्होंने बताया कि अभी दूसरे लड़के की शादी भी मार्च के महीने में होना था।
अभी वो अपने छोटे देबर के घर में रह रहे है। उन्होंने प्रशासन से जल्द से घर बना के देने की मांग की है। वही विधायक विक्रम सिंह जरियाल ने भी घर का मोआईना किया और सरकार की और से हर संभब सहायता देने का आश्वासन दिया।
