प्रदेश में पहली बार कुल्लू में ही मिलेगा एनसीसी एयर विंग कैडेट को प्रशिक्षण।
हिम ख़बर – डेस्क
प्रदेश के एनसीसी एयर विंग कैडेट अपने प्रदेश में पहली बार माइक्रोलाइट एयरक्राफ्ट से उड़ान भरने का प्रशिक्षण कुल्लू में लेंगे।
इससे पहले प्रदेश के एनसीसी वायुसेना विंग के कैडेटों को पंजाब के पटियाला में विमान उड़ाने के प्रशिक्षण के लिए जाना पड़ता था।
जिला कुल्लू के भुंतर हवाई अड्डे में हैंगर निर्माण व टैक्सी ट्रैक के बनने से विमान प्रशिक्षण की सुविधाएं एनसीसी वायु सेना विंग के कैडेटों को अपने ही प्रदेश में मुहैया होगी।
प्रदेश एयर स्क्वाड्रन एनसीसी के एसोसिएट एनसीसी अधिकारी फ्लाइंग ऑफिसर डा. चमन ने बताया कि एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया प्रदेश सरकार व एनसीसी अधिकारियों के प्रयासों से भुंतर हवाई अड्डे में हैंगर व टैक्सी ट्रैक का निर्माण कार्य शुरू होने से प्रदेश के एनसीसी वायु सेना विंग के कैडेटों में खुशी की लहर हैं।
प्रदेश एयर स्क्वाड्रन एनसीसी कुल्लू के दो माइक्रोलाइट एयरक्राफ्ट प्रदेश में हैंगर व टैक्सी ट्रैक की सुविधा न होने के कारण वर्ष 2018 से पंजाब के पटियाला में रखने पड़ रहे थे।
एनसीसी एयर विंग के कैडेटों को माइक्रोलाइट एयरक्राफ्ट का प्रशिक्षण लेने के लिए पंजाब के पटियाला में जाना पड़ता था।
प्रदेश में पहली बार एनसीसी एयर विंग कैडेटों के लिए फ्लाइंग का प्रशिक्षण लेने के लिए भुंतर एयरपोर्ट पर हैंगर व टैक्सी ट्रैक का निर्माण कार्य जारी है। इसके लिए स्थानीय क्षेत्र विकास प्राधिकरण (लाडा) से लगभग 50 लाख की राशि जारी की गई है।
एनसीसी वायुसेना विंग मंडी व कुल्लू के कैडेटों व अधिकारियों ने प्रदेश सरकार, भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण, प्रदेश एयर स्क्वाड्रन एनसीसी कुल्लू के कमांडिंग ऑफिसर ग्रुप कैप्टन एसके शर्मा, ग्रुप कमांडर शिमला ब्रिगेडियर रोहित दत्ता व जिला प्रशासन कुल्लू के सराहनीय प्रयासों के लिए आभार व्यक्त किया है।
फ्लाइंग ऑफिसर डा. चमन ने कहा. कि एनसीसी एयर विंग प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य देश के युवाओं में विमानन गतिविधियों के प्रति रुचि पैदा करना है।
उड़ान दस्तों में सामान्य प्रशिक्षण के अतिरिक्त कैडेटों को ग्लाइडिंग एवं माइक्रोलाइट गतिविधियों का भी प्रशिक्षण दिया जाता है।

