नगरोटा सूरियां में बंदरों के आतंक से लोग परेशान, फसल को हो रहा नुकसान

--Advertisement--

Image

नगरोटा सूरियाँ- मुनीश पॉल

नगरोटा सूरियां विकास खंड की पंचायतों में काफी लंबे समय से लोग बंदरों के आतंक से परेशान हैं। देहरा व नगरोटासूरियां विकास खंड की कई पंचायतों गुलेर, गथूटर, हरिपुर, भटोली फकोरियाँ, बंगोली, नंदपुर भटोली, बरियाल, बिलासपुर, सकरी, नगरोटा सूरियां, सुकनाड़ा, बासा, कटोरा, मसरूर, धंगड़, बनतुंगली, झकलेहड़ , बोउंगता तथा ख़ैरियां के चार दर्जन गांवों के बाशिंदों ने वन विभाग से बंदरों के आतंक से निजात दिलाए जाने की मांग की है। इन इलाकों में लंबे समय से बंदरों का आंतक बना हुआ है।

चानक बंदरों की संख्या काफी बढ़ गई है। एक तरफ जहां बंदर सड़क के आसपास या रेलवे स्टेशनों पर दुकानों का नुकसान तो करते ही हैं अब गांवों में घरों में घुस रहे हैं और घरों के आस पास के खेतों में उगाई सब्जियां को नष्ट कर रहे हैं । वहीं, कई बार यह आते-जाते लोगों पर हमला भी बोल देते हैं।

इससे पूर्व राज्य सरकार ने बंदरों को एक साल के लिए वर्मिन यानी पीड़क जंतु घोषित कर दिया था तो खेतों में नुकसान व लोगों को काटने के चलते उन्हें मार सकते थे और एक बंदर को मारने का 1000 रुपये रखा था लेकिन यह अवधि अप्रैल 2021 में समाप्त हो गई थी ।

सूत्रों के अनुसार हिमाचल राज्य सरकार ने केंद्रीय पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय को इस कानून को पुनः लागू करने के लिए लिखा है लेकिन छह महीने के बाद भी अभी मंजूरी के लिए कोई ता पता नहीं है। धार्मिक भावनाओं का हवाला देकर कुछ लोग बंदरों को न मारने की पैरवी करते हैं।
परन्तु इलाकावासियों में ध्यान सिंह नंदा, मेहर सिंह बग्गा, ज्ञान सिंह बग्गा, राकेश कुमार , बलदेव सिंह, करनैल सिंह, सुदेश कुमार, चांदी राम, गुरबचन सिंह, रमेश चंद, पंजाब सिंह, विजय कुमार , गुरदियाल सिंह, राम दास, अंकुश, शशिपाल, कृष्ण शर्मा , गुरविंदर सिंह, अजय कुमार , मनजीत सिंह, सुभाष चंद, ओंकार सिंह, हरदेव सिंह,आदि ने हिमाचल वन विभाग से बंदरों से निजात दिलाने के लिए वर्मिन घोषित करने के कानून को पुनः शीघ्र लागू करने की गुहार लगाई है। जिसमें बंदरों के साथ साथ अन्य फसल उजाड़क जानवरों को भी पुनःवर्मिन घोषित कर फसलों और बागानों को बचाने के लिए कदम उठाए जाएं।
--Advertisement--
--Advertisement--

Share post:

Subscribe

--Advertisement--

Popular

More like this
Related

हिमाचल में ”गैस” संकट: कमर्शियल सिलेंडर की सप्लाई बंद, केंद्र सरकार का बड़ा फरमान

हिमख़बर डेस्क हिमाचल प्रदेश के प्रमुख औद्योगिक क्षेत्र बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़ (BBN)...

UPSC AIR-79: एक हिमाचल के DC की पत्नी, दूसरी उत्तर प्रदेश में सरकारी SDM के ड्राइवर की बेटी

हिमखबर डेस्क  संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा...

तिरंगे में लिपटे पिता को देख जो सजाया था सपना.. आज बेटी ने किया पूरा, अब बनीं लेफ्टिनेंट

पालमपुर - बर्फू  हिमाचल प्रदेश की मिट्टी में 'वीरता' का...