हिमखबर डेस्क
हिमाचल प्रदेश में लोकसभा चुनाव के साथ साथ छह सीटों पर उपचुनाव भी हो रहे हैं। ऐसे में भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस चार लोकसभा सीटों के अलावा, छह सीटों पर प्रचार कर रही है। ऐसे में जिला ऊना के गगरेट विधानसभा क्षेत्र में कांग्रेस की जनसभा को लेकर भाजपा ने चुनाव आयोग से शिकायत की है।
दरअसल, इस जनसभा में ज्वालामुखी के कांग्रेस विधायक संजय रतन ने मंच से माता चिंतपूर्णी की कसम देकर वोट की अपील की। अब भाजपा ने कांग्रेस के प्रत्याशी राकेश कालिया के लिए धार्मिक तौर पर वोट मांगने पर कड़ा एतराज जाहिर किया है।
भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश कार्यालय सचिव प्रमोद ठाकुर ने इस मामले को लेकर चुनाव आयोग को लिखित शिकायत सौंप दी है। भाजपा का आरोप है कि कांग्रेस के नेता विधानसभा उपचुनाव में अपनी हार देखकर इतना बौखला चुके हैं कि लोगों की धार्मिक भावनाओं को भड़काकर और देवी देवताओं का डर दिखाकर वोट मांगने पर उतारू हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि ज्वालामुखी के विधायक संजय रतन का जनसभा से इस तरह के शब्दों का प्रयोग करना आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन है।
काबिलेगौर है कि गगरेट विधानसभा क्षेत्र के उपचुनाव में कांग्रेस ने हाल ही में पार्टी में वापसी कर रहे राकेश कालिया को टिकट देकर चुनाव मैदान में उतारा है। कार्यकर्ता मिलन कार्यक्रम के नाम पर कांग्रेस की तरफ से यह रैली आयोजित की गई थी। इस दौरान कांग्रेस विधायक यहां से प्रत्याशी राकेश कालिया के समर्थन में वोट मांगने के लिए पहुंचे थे।
इसी दौरान ज्वालामुखी के विधायक संजय रतन ने जनसभा में मौजूद लोगों को माता चिंतपूर्णी की कसम देकर राकेश कालिया को वोट डालने की बात कही। उन्होंने कहा कि राकेश कालिया माता चिंतपूर्णी के पुजारी वर्ग में से आते हैं। ऐसे में उन्हें वोट देने से लोगों को माता चिंतपूर्णी का आशीर्वाद मिलेगा।

