
भाम्बला- नरेश कुमार
अंतराष्ट्रिय महिला दिवस पर विधान सभा क्षेत्र की पुर्व विधायका व संसदीय सचिव रह चूकि लीला शर्मा ने प्रदेश की महिलाओं को वधाई देते हुए मिडिया से बातचित करते हुए बताया कि जहां नारी का सम्मान किया जाता है।वहां देवता वास करते है !
महिलाओं के जीवन की दास्ता आदि काल से संघर्ष पुर्ण रही है ! एक समय था जव महिलाओ का दायरा घर की चार दीवारी तक ही सिमित था ,लेकिन ज्यो ज्यों वक्त का पहिया रफ्तार पकडता गया त्यो त्यो महिलाओ की परिस्थिया भी बदलती गई!
परिणामस्वरूप आज महिलाएं विकट परिस्थियों से लड कर अपनी योग्यता का परिचय दे कर हर क्षेत्र में महिलाएं आगे वढ रही है और ये बडी बात है और भविष्य में भी आगे ही रहेगीं !
बता दें वर्ष 1990 में अध्यापिका की नौकरी छोड कर कांग्रेस के दिग्गज नेता रंगीला राव को रिकार्ड मतो से हराया और मंडी पहली महिला विधान पहुंची और फिर संसदीय सचिव भी रही क्षेत्र में एतिहासिक विकास कार्य करवाये , उसी दौरान वे एक भंयकर दुर्घटना मे घायल हो गई और टांगे पुरी तरह टूट गई !
अव वर्तमान में व्हिल चेयर पर जीवन यापन कर रही है ! लेकिन फिर भी वे पहले की तरह तेज-तरार और स्वस्थ है ! लीला शर्मा के पति एनसी शर्मा शिक्षा उपनिदेशक पद से सेवा निवृत हुए है और सेवानिृति के बाद समाज सेवा से जूडे हुए है , उन्हे अपनी पत्नी पुर्व विधायका पर नाज है !
