हिमखबर डेस्क
संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा 2025 के परिणाम घोषित होने के बाद ऑल इंडिया रैंक (AIR)-79 को मीडिया रिपोर्ट्स में भ्रम की स्थिति बन गई है। इस रैंक के साथ दो अलग-अलग नाम सामने आये है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक 79 वीं रैंक हासिल करने वाली प्रियंका चौधरी, हिमाचल प्रदेश के चंबा के डीसी मुकेश रेपस्वाल की पत्नी हैं। वह मूल रूप से राजस्थान के बीकानेर की रहने वाली हैं।
वहीं दूसरी तरफ कुछ समाचार पत्रों में उत्तर प्रदेश की प्रियंका चौधरी को ये रैंक दिया गया है। जो उत्तर प्रदेश में एक सरकारी चालक की बेटी हैं।
रिपोर्ट्स के अनुसार, सरकारी विभाग में ड्राइवर के तौर पर कार्यरत नीरा राम अपनी बेटी की सफलता पर गर्व जताते हुए कहते हैं कि अब वह खुशी-खुशी अपनी बेटी के भी ड्राइवर बन सकते हैं।
अंग्रेजी दैनिक अखबार टाइम्स ऑफ इंडिया ने भी इस खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया है। दोनों मामलों में नाम समान होने और अधूरी जानकारी तेजी से फैलने के कारण लोगों में भ्रम की स्थिति पैदा हो गई है।

हालांकि यूपीएससी की प्रक्रिया के अनुसार एक ऑल इंडिया रैंक केवल एक ही उम्मीदवार को दी जाती है और इसकी पुष्टि आयोग द्वारा जारी आधिकारिक मेरिट सूची तथा रोल नंबर के आधार पर ही होती है।
ऐसे में AIR-79 को लेकर वास्तविक स्थिति वही मानी जाएगी, जो यूपीएससी की आधिकारिक सूची में दर्ज है। फिलहाल इस रैंक को लेकर आयोग की आधिकारिक जानकारी ही साफ़ कर सकता है। आपको बता दे कि आयोग के परिणाम अभियार्थी का केवल रोल नंबर व नाम अंकित होता है।
आकांक्षा सिंह नाम के उम्मीदवारों की कन्फ्यूजन दूर
इसी बीच आकांक्षा सिंह (Akanksha Singh) नाम की दो अलग-अलग उम्मीदवारों को लेकर फैले भ्रम पर भी विराम लग गया है। एक ही नाम के साथ समान रैंक की खबर फैलने से अभ्यर्थियों और आम लोगों के बीच कन्फ्यूजन बढ़ गया था कि आखिर असली आकांक्षा सिंह कौन हैं और वास्तव में AIR 301 किसे मिली है।
बढ़ते भ्रम के बीच यूपीएससी को आधिकारिक रूप से स्थिति स्पष्ट करनी पड़ी। आयोग ने अपने बयान में कहा कि सिविल सेवा परीक्षा 2025 में रैंक 301 केवल एक ही उम्मीदवार को दी गई है। आयोग के रिकॉर्ड के अनुसार रोल नंबर 0856794 वाली आकांक्षा सिंह ही AIR 301 की वास्तविक रैंक होल्डर हैं।
फिलहाल AIR-79 को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच लोगों की नजरें यूपीएससी की आधिकारिक मेरिट सूची पर टिकी हुई है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि इस रैंक के साथ असली उम्मीदवार कौन है और सोशल मीडिया में फैला भ्रम कितना सही है। क्या इस रैंक को लेकर भी आकांक्षा सिंह नाम के उम्मीदवारों की तरह कोई प्रेस विज्ञप्ति जारी होती है या नहीं?

