भाजपा मंडल द्वारा सदस्यता रद्द किए जाने पर रणवीर सिंह निक्का का वन मंत्री के प्रति निकला गुब्बार

--Advertisement--

Image

पार्टी निकालेगी तो जनता करेगी फैसला- रणवीर सिंह निक्का

नूरपुर- देवांश राजपूत

नूरपुर में भाजपा मंडल द्वारा संगठनात्मक जिला महामंत्री रणवीर सिंह निक्का की सदस्यता रद्द किए जाने के प्रस्ताव के बाद राजनितिक गतिविधियां बढ़ी हैं। भाजपा मंडल द्वारा उनकी सदस्यता रद्द किए जाने के फैसले बाद उन्होंने वन मंत्री के एवं स्थानीय विधायक राकेश पठानिया के खिलाफ अपनी सदस्यता को रद्द किए जाने को लेकर गुब्बार निकाला है।

रणवीर सिंह निक्का की पीड़ा इस बात को लेकर है कि वह वर्षाें से भाजपा से जुडे़ रहे और टिकट की दौड़ में उन्हें पीछे कर दिया गया। अब जब समय आया है तो उन्हें कहकर पार्टी की सदस्यता से बाहर करने का प्रयास किया जा रहा है कि वह पार्टी की बैठकों में शामिल नहीं होते हैं

बकौल रणवीर निक्का जब भी वह पार्टी की बैठकों में गए हैं तो उन्हें मान सम्मान तक नहीं दिया गया है। जबकि उन्होंने वर्ष 2017 के विधानसभा चुनावों में भाजपा प्रत्याशी राकेश पठानिया के लिए चुनाव लड़ने के पार्टी के फैसले का स्वागत किया था।

नूरपुर में भाजपा मंडल द्वारा उनकी सदस्यता रद्ध् करने के फैसले के बाद बुधवार को धर्मशाला में पत्रकारों के साथ बातचीत में रणबीर सिंह निक्का ने कहा कि वन मंत्री राकेश पठानिया मंत्री बनकर अपना ही विकास कर रहे हैं। अपने लोगों के माध्यम से मुझे कथित तौर पर मेरी प्राथमिक सदस्यता रद करवा दी।

क्या बाेले रणवीर

शांता कुमार और धूमल मेरे मार्ग दर्शक, पार्टी के आदेशों का इंतजार टिकट देना शीर्ष नेतृत्व का निर्णय है। हाई कमान अगर टिकट देगी तो चुनाव लड़ने का पूरी तरह से तैयार हैं। जब तक पार्टी नहीं कहेगी तभी तक भाजपा के साथ रहूंगा। मैंने कई सालों से हर मोर्चे पर काम किया। हमने बूथ स्तर पर काम किया और कार्यकर्ता जोड़े।

चुनावों में आश्वासन दिया कि आपका मान सम्मान करेंगे लेकिन सवा 4 सालों में कुछ नहीं मिला। अब राकेश पठानिया के पास जाते हैं तो वो कहते हैं कि ये निक्के के कार्यकर्त्ता हैं। पिछले सवा चार में भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ता की नजर अंदाजगी की जा रही है।

हमने लोगों से जनसपंर्क करना शुरू किया। टिकट का निर्णय पार्टी करेगी इसके लिए बहुत समय है। सरकार राकेश पठानिया की संपति और मलकवाल नर्सिंग कालेज की जांच करे। नुरपुर में परिवारवाद की राजनीति नहीं करने देंगे। पार्टी अगर निकाल देगी तो नूरपुर की जनता मेरे राजनीतिक जीवन का फैसला लेगी।

--Advertisement--
--Advertisement--

Share post:

Subscribe

--Advertisement--

Popular

More like this
Related

हिमाचल में 2 करोड़ की हेराफेरी, मनरेगा के सोशल ऑडिट में सामने आई बड़ी गड़बड़

हिमखबर डेस्क  केंद्र ने बेशक मनरेगा की जगह वीबी जी...

10 हजार हिमाचली युवाओं को औद्योगिक प्रशिक्षण देकर बनाया जाएगा कुशल, स्टाइपेंड भी मिलेगा

हिमखबर डेस्क  हिमाचल प्रदेश में उद्योग स्थापित करने तथा स्टार्टअप...