
95 सालों के बाद भी नहीं बढ़ा कोटला पुलिस चौकी का दर्जा, उठने लगी पुलिस थाना बनाने की मांग, 15 पंचायतों के बाशिंदों को मिलेगी सुविधा।
कोटला- स्वयंम
पुलिस चौकी कोटला को थाना बनाने की मांग स्थानीय लोग उठाने लगे हैं। लोगों का कहना है कि कोटला पुलिस चौकी आजादी से पूर्व 1926 में स्थापित हुई थी, जिस का दर्जा 95 साल बाद भी नहीं बढ़ सका है।
लोगों ने विधायक अर्जुन ठाकुर सहित सरकार से मांग की है कि आगामी विधानसभा क्षेत्र में पुलिस चौकी कोटला का दर्जा बढ़ाकर पुलिस थाना किया जाए, जिससे पुलिस संबंधी कार्यों के लिए कोटला की लगभग 15 पंचायतों के बाशिंदों को जवाली के चक्कर लगाने से निजात मिल सके।
कुसुमलता बीडीसी ग्राम पंचायत ढोल , पधर ने बताया कि कोटला पुलिस चौकी क्षेत्र पर 15 पंचायतों का कार्यभार है । और राष्ट्रीय राजमार्ग पर होने के कारण अतिरिक्त काम का बोझ रहता है। और थाना का दर्जा देना अति आवश्यक है।
कुलजीत सिंह ने बताया कि कोटला को थाना का दर्जा दिए जाने पर थाने में पुलिस जवानों की बढ़ोतरी होगी। इसके साथ ही काम के वोझ में भी कमी आएगी ।
रमन कुमार ने बताया कि कोटला पुलिस चौकी 15 पंचायतों में रोजमर्रा की शिकायतों को सुलझाती हैं । और पुलिस चौकी कोटला को जनहित में पुलिस थाना का दर्जा दिया जाना अति अनिवार्य है।
राकेश शर्मा ने बताया कि कोटला पुलिस चौकी को थाना का दर्जा देने से क्षेत्र के लोगों को पुलिस कार्यो के लिए जवाली जाने से राहत मिलेगी ।
विजय कुमार ने बताया कि पुलिस थाना से संबंधित समस्त कार्यों के लिए पुलिस थाना जवाली में जाना पड़ता है।
इससे धन और समय दोनों का बोझ जनता को झेलना पड़ रहा है।
