
शिमला – जसपाल ठाकुर
हिमाचल प्रदेश के पर्यटन स्थलों की सड़कें चकाचक होंगी। सरकार ने पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए पांच साल के बजाय तीन साल में सड़कों की टारिंग करने का फैसला लिया है। इन सड़कों के किनारे फूल और पेड़ लगाए जाएंगे। सड़कों को प्रतिदिन साफ-सुथरा रखने के लिए लोक निर्माण विभाग के मजदूर झाड़ू लगाते रहेंगे।
सरकार का मानना है कि हिमाचल में पर्यटन स्थलों की सड़कें साफ रहेंगी, तभी पर्यटक हिमाचल की ओर घूमने आ सकेंगे। पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और केरल सहित अन्य राज्यों से पर्यटक हिमाचल घूमने आते हैं। ये लोग धर्मशाला, शिमला, कुफरी, मशोबरा, नालदेहरा, कुल्लू, मनाली, चंबा और खज्जियार में जाते हैं।
सैलानी नेशनल और राज्य मार्गों से होते हुए पर्यटक स्थलों में पहुंचते हैं, लेकिन इन पर्यटक स्थलों के लिए कई संपर्क मार्ग ऐसे हैं, जिनकी हालत ठीक नहीं रहती है। इसका कारण हर साल बर्फबारी होना भी बताया जाता है। इससे यह सड़कें खराब होती हैं।
सरकार ने फैसला लिया है कि पर्यटन स्थलों को जाने वाले सभी संपर्क मार्ग दुरुस्त किए जाएंगे। इन सड़कों के लिए अलग से बजट का प्रावधान करने पर भी विचार किया जा रहा है। ज्यादातर पर्यटक सड़क मार्ग से होते हुए ही हिमाचल आते हैं। 15 से 20 फीसदी लोग ट्रेन से सफर कर हिमाचल की वादियों को निहारने के लिए पहुंचते हैं।
हिमाचल में सभी पर्यटक स्थलों को जाने वाले संपर्क मार्गों को दुरुस्त किया जाएगा, ताकि पर्यटकों को सफर करते वक्त परेशानी न झेलनी पड़े। तीन साल बाद इन सड़कों की टारिंग होती रहेगी।– सुभाशीष पांडा, प्रधान सचिव लोनिवि
