विभाग की ओर से चंबा में युवाओं को रिवर राफ्टिंग का प्रशिक्षण दिलवाकर उन्हें स्वावलंबी बनाने की योजना है।
चम्बा – भूषण गूरूंग
चंबा के युवाओं को रिवर राफ्टिंग से रोजगार देने की तैयारी है। पर्यटन विभाग इन्हें प्रशिक्षण प्रदान करेगा। इसके लिए विभाग ने रावी नदी में राफ्टिंग का ट्रायल करवाया, जो सफल रहा है।
विभाग ने अब अटल बिहारी माउंटेनरिंग संस्थान मनाली को पत्र लिखकर युवाओं को चंबा में प्रशिक्षित करने का आग्रह किया है। स्वीकृति मिलने पर जिले के युवाओं को प्रशिक्षित कर रिवर राफ्टिंग के लाइसेंस जारी किए जाएंगे। इससे इन्हें रोजगार मिलेगा।
चंबा में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। वैश्विक महामारी कोरोना काल के बाद से लेकर अब तक होटल व्यवसाय पूरी तरह से पटरी पर नहीं लौट पाया है।
जिला प्रशासन के प्रयासों से अब चंबा में परेल से उदयपुर तक रिवर राफ्टिंग की संभावनाओं को देखते हुए ट्रायल किया गया, जो सफल साबित रहा है। विभाग की ओर से चंबा में युवाओं को रिवर राफ्टिंग का प्रशिक्षण दिलवाकर उन्हें स्वावलंबी बनाने की योजना है।
होटल एसोसिएशन चंबा के सचिव नागेश वकील ने बताया कि राफ्टिंग का ट्रायल किया गया। यह सफल रहा है। ट्रायल परेल से उदयपुर तक किया गया। चंबा में पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए रिवर राफ्टिंग अच्छी शुरुआत साबित हो सकती है।

उपायुक्त चंबा ने साफ किया है कि युवा मुख्यमंत्री स्वावलंबी योजना में ऋण लेकर राफ्ट खरीद सकते हैं। भनोता में या उदयपुर में वोटिंग प्वाइंट की संभावनाएं तलाशी जाएंगी।
जिला पर्यटन अधिकारी राजीव मिश्रा ने बताया कि अटल बिहारी माउंटेनरिंग संस्थान मनाली को पत्र लिखकर युवाओं को रिवर राफ्टिंग का प्रशिक्षण देने का आग्रह किया गया है।

अगर वहां से हामी आती है तो युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे और जिले में पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।

