
शिमला – जसपाल ठाकुर
देश में पेट्रोल व डीजल के दाम में केंद्रीय उत्पाद शुल्क में कटौती को लेकर राजनीति शुरू हो गई है। प्रदेश कांग्रेस ने आरोप लगाया कि डीजल और पेट्रोल के दाम में केंद्रीय उत्पाद शुल्क में कटौती कर केंद्र सरकार गरीब हितैषी होने का ढोंग रच रही है।
यहां जारी बयान में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा सिंह ने इस कटौती को मामूली करार दिया है। प्रतिभा सिंह ने कहा कि लंबे समय से सरकार ने पेट्रोल व डीजल से करोड़ों रुपये कमाए हैं, इसलिए सरकार को बढ़ती महंगाई से लोगों को राहत देनी चाहिए। महंगाई का मूल कारण पेट्रोल-डीजल के दाम में बेतहाशा बढ़ोतरी है, इनके दाम में और कमी करने की जरूरत है।
भाजपा नेताओं का इस राहत के लिए जन कल्याण का ढोल पीटने को हास्यास्पद बताते हुए कहा कि आज मोदी सरकार को सात साल के बाद जन कल्याण की चिंता सताने लगी है। उन्होंने प्रदेश सरकार से मांग की है प्रदेश में भी पेट्रोलियम पदार्थों से शुल्क कम कर लोगों को बढ़ती महंगाई से राहत दे।
वहीं, विधायक विक्रमादित्य सिंह ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार कोई भी निर्णय अपने राजनीतिक हित को सामने रख कर लेती है। गुजरात और हिमाचल में विधानसभा चुनाव को आते देख अब केंद्र सरकार को पेट्रोल व डीजल के बढ़ते दाम के साथ महंगाई नजर आने लगी है। लोगों को बढ़ती महंगाई से राहत देने के लिए ठोस उपायों की बहुत जरूरत है।
प्रदेश उपाध्यक्ष नरेश चौहान ने आरोप लगाया कि डीजल और पेट्रोल के दाम में केंद्रीय उत्पाद शुल्क में कटौती कर केंद्र सरकार गरीब हितैषी होने का ढोंग रच रही है। केंद्र सरकार ने देश में गरीब व मध्यम वर्ग के लोगों का बढ़ती महंगाई से जीना दूभर कर दिया है।
भाजपा बढ़ती महंगाई पर घडय़ाली आंसू बहाने का प्रयास कर रही है। अब दो राज्यों हिमाचल व गुजरात में विधानसभा चुनाव में राजनीतिक लाभ लेने के लिए केंद्र सरकार ने एक चाल चली है।
