
रामसर साइट वेटलैंड पौंग झील विदेशी परिंदों की चहचहाट से गुलजार होना शुरू हो गई है। लंबे अंतराल के बाद पौंग झील में अफ्रीका का प्रवासी परिंदा अमूर फाल्कन भी देखा गया है। 30 प्रजातियों के 15 हज़ार से ज्यादा विदेशी परिंदे पौंग झील में दस्तक दे चुके हैं।
ज्वाली-माध्वी पंडित
जिला कांगड़ा की रामसर साइट वेटलैंड पौंग झील विदेशी परिंदों की चहचहाट से गुलजार होना शुरू हो गई है। लंबे अंतराल के बाद पौंग झील में अफ्रीका का प्रवासी परिंदा अमूर फाल्कन भी देखा गया है। विभाग की रूटीन गणना अनुसार अब तक 30 प्रजातियों के 15 हज़ार से भी ज्यादा विदेशी परिंदे पौंग झील में दस्तक दे चुके हैं। सर्दी बढ़ने के साथ ही लाखों की तादाद में विदेशी परिंदे पहुंच कर अपनी अठखेलियों से पौंग झील में पर्यटकों का मन मोहना शुरू कर देंगे।
पिछले वर्ष 96 प्रजातियों के एक लाख आठ हजार के करीब प्रवासी पक्षियों ने दस्तक दी थी। इस बार अब तक सबसे ज्यादा नॉर्थन पेंटल व कॉमन टील प्रजातियों के विदेशी परिंदों ने पौंग झील में दस्तक दी है। धीरे-धीरे सर्दी बढ़ने के साथ ही विदेशी परिंदों की संख्या में भी लगातार बढ़ोतरी होती चली जाएगी। हर साल अक्टूबर महीने में सर्दियां शुरू होने के साथ ही चीन, रूस, साइबेरिया, तिब्बत व अफ्रीका आदि देशों से विदेशी मेहमान परिंदे पौंग झील की रौनक बढ़ा देते हैं और गर्मियां शुरू होते ही मार्च में वतन वापसी कर देते हैं।
यह बोले वन्य प्राणी विभाग के डीएफओ
वन्य प्राणी विभाग हमीरपुर के डीएफओ राहुल रोहने ने बताया कि पौंग झील में 64 लाख रुपये लागत वाली आधुनिक मोटर बोट दिसंबर माह तक झील में उत्तर दी जाएगी और यहां आने वाले पर्यटक इस मोटर बोट के जरिए झील का सुंदर नजारा देख नजदीक से देख सकेंगे। उन्होंने बताया कि विभाग के पास दो मोटर बोट पर्यटकों के लिए पहले ही पहले ही मौजूद हैं। इसके अलावा पर्यटकों के लिए और भी बहुत सी सुविधाएं देने की विभाग ने तैयारी कर ली है।
