मंडी के मानसा गांव में नाबालिग की आत्महत्या का मामला पहुंचा एसपी के दरबार।
मंडी, 11 अप्रैल – अजय सूर्या
बीती 21 मार्च को पुलिस थाना गोहर के तहत पड़ने वाली चच्योट तहसील के मानसा गांव की 17 वर्षीय नाबालिग की आत्महत्या का मामला एसपी दरबार पहुंच गया है।
मंगलवार को नाबालिग मृतका के पिता और अन्य परिजन एसपी सौम्या सांबशिवन से मिले, और एक ज्ञापन के माध्यम से अपनी व्यथा को सुनाया।
परिजनों का आरोप है कि उनकी बेटी को पिछले लंबे समय से क्षेत्र का एक युवक मानसिक तौर पर परेशान कर रहा था। जिस कारण उनकी नाबालिग बेटी ने तंग आकर आत्महत्या जैसा कदम उठाया है।
वहीं संबंधित थाना की टीम पर मामले को दबाने के भी आरोप परिजनों ने लगाए हैं। आरोप है कि जब इस बारे में गोहर पुलिस थाना में शिकायत दर्ज कराई गई तो पुलिस ने एफआईआर तक नहीं लिखी।
बाद में सीएम ब्रांच से फोन कराने के बाद पुलिस थाना में एफआईआर दर्ज की गई। ज्ञापन के माध्यम से नाबालिग के परिजनों ने एसपी से न्याय की गुहार लगाई।
मृतका के पिता पूर्ण चंद व चाचा परम देव ने बताया कि उनकी बेटी को लंबे समय से क्षेत्र का एक युवक मानसिक रूप से प्रताड़ित करता था। जिसकी वजह से उनकी बेटी आत्महत्या करने पर मजबूर हुई।
उन्होनें कहा कि पहले भी युवक की शिकायत गोहर पुलिस थाना में की गई थी, लेकिन बाद में समझौता होने पर युवक ने माफी मांग ली।
कुछ समय के बाद वह युवक फिर से उनकी बेटी को मानसिंक रूप से प्रताड़ित करने लगा। जिसके बाद उनकी बेटी को आत्महत्या जैसा कदम उठाने पर मजबूर होना पड़ा।
उन्होंने बताया कि गोहर पुलिस भी इस मामले पर सही ढंग से कार्रवाई नहीं कर रही हैं।
वहीं इस मौके पर एसपी मंडी ने नाबालिग के परिजनों को आश्वासन दिया कि इस संदर्भ में निष्पक्षता से जांच की जाएगी।

