
शिमला-जसपाल ठाकुर
राजधानी शिमला की ढली स्थित हिमाचल पथ परिवहन निगम की वर्कशाप में इलेक्ट्रिक बस की बैटरी में आग लग गई। बैटरी बदलते वक्त लगी इस आग से वर्कशाप में अफरातफरी मच गई। इसकी सूचना दमकल विभाग को दी गई। छोटा शिमला और मालरोड से अग्निशमन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और आग बुझाने का काम शुरू किया गया।
बैटरी में उस समय आग लगी जब मैकेनिक इसे बदल रहे थे। बैटरी बदलते वक्त इसमें शार्ट सर्किट हो गया और बैटरी में आग लग गई। मैकेनिक ने जलती बैटरी को तुरंत खुले स्थान पर फेंक दिया और बस को जलने से बचाया। दमकल विभाग की टीम ने आग बुझाने का काम शुरू किया। समय रहते आग पर काबू पा लिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया। वर्कशाप में खड़ी पांच अन्य गाड़ियों को भी जलने से बचाया गया। अगर समय पर आग पर काबू नहीं पाया जाता तो बड़ा हादसा हो सकता था।
ढली वर्कशाप के जूनियर टेक्नीकल आफिसर अभय शुक्ला का कहना है कि बैटरी में आग शार्ट सर्किट के कारण लगी। इस दौरान बैटरी को बदला जा रहा था। उनका कहना है कि कर्मचारियों ने सूझबूझ का परिचय दिया और बैटरी को बस के पास से अलग कर दिया गया। एक बैटरी की कीमत करीब चार लाख रुपये आंकी गई है। पांच करोड़ की बस, चाइना से आती है बैटरियां
एचआरटीसी के बेड़े में कई इलेक्ट्रिक बसें भी शामिल हैं। इन्हें रोजाना चार्जिग के लिए वर्कशाप ले जाया जाता है। इस बस में चाइनिज बैटरियां लगती हैं। काफी समय से बैटरियों के खराब होने की समस्या पेश आ रही है। इसी खराब बैटरी को कर्मचारी बदल रहे थे जब यह हादसा हुआ। एक इलेक्ट्रिक बस करीब पांच करोड़ रुपये की आती है। इसकी बैटरियां चाइना से आती हैं।
