
2021 में ठियोग के तहसीलदार ने इंतकाल आवेदन किया था रद्द।
शिमला – जसपाल ठाकुर
हिमाचल प्रदेश हाई कोर्ट ने कानून के अनुसार अपने कर्तव्यों का निर्वहन न करने पर तत्कालीन तहसीलदार ठियोग, जिला शिमला के खिलाफ उचित कार्रवाई करने के आदेश जारी किए हैं।
न्यायाधीश तरलोक सिंह चौहान व न्यायाधीश वीरेंद्र सिंह की खंडपीठ ने वित्तीय आयुक्त को यह आदेश जारी करते हुए स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई विभागीय तौर तक ही सीमित न हो।
मामले के अनुसार गांव दौरा तहसील ठियोग निवासी लायक राम शर्मा ने तहसीलदार ठियोग के समक्ष दीवानी मुकदमे के आधार पर इंतकाल चढ़ाने का आवेदन किया।
17 जून, 2021 को तहसीलदार ठियोग ने इंतकाल चढ़ाने के आवेदन को रद्द करते हुए कहा कि प्रार्थी ने आवेदन करने में बहुत देर कर दी और दस्तावेज 34 वर्ष बाद प्रस्तुत किए गए हैं।
उधर, कोर्ट ने इंतकाल से जुड़े कानूनों का हवाला देते हुए स्पष्ट किया कि कानून के तहत इंतकाल के लिए देरी से किए गए आवेदन को खारिज नहीं किया जा सकता, बल्कि निर्धारित जुर्माना वसूल कर इंतकाल चढ़ाया जा सकता है।
कानून में देरी के आधार पर इंतकाल चढ़ाने से इनकार करना कानूनन गलत है। मामले पर अगली सुनवाई 29 दिसंबर को निर्धारित की गई है।
