शिमला – नितिश पठानियां
हिमाचल प्रदेश में सड़क सुरक्षा नियमों की धज्जियां उड़ाने वाले सैलानियों और स्थानीय लोगों पर पुलिस अब सख्ती बरतेगी। विशेषकर चलती कारों के सनरूफ से बाहर निकलने और खतरनाक तरीके से वीडियो बनाने वालों पर नकेल कसने के लिए प्रदेश पुलिस मुख्यालय ने सभी जिला पुलिस अधीक्षकों को निर्देश जारी किए हैं।
हाल के दिनों में प्रदेश में बारिश और भूस्खलन के कारण आपदा का दौर जारी है। पर्यटक स्थलों पर कई लोग चलती गाड़ियों के सनरूफ से बाहर निकलकर वीडियो बनाते नजर आ रहे हैं। सोशल मीडिया पर ऐसे वीडियो तेजी से वायरल हो रहे हैं, जिससे सड़क दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ रहा है। पुलिस मुख्यालय ने इसे सड़क सुरक्षा के प्रति गंभीर लापरवाही मानते हुए स्पष्ट किया है कि अब ऐसे मामलों में जुर्माने के साथ ड्राइविंग लाइसेंस पर भी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस महानिदेशक अशोक तिवारी के बोल
पुलिस महानिदेशक अशोक तिवारी ने बताया कि मोटर व्हीकल एक्ट के तहत चलती गाड़ी से बाहर निकलना खतरनाक ड्राइविंग की श्रेणी में आता है। इस पर न केवल भारी जुर्माना लगाया जाएगा, बल्कि वाहन चालक का लाइसेंस भी पंच किया जा सकता है। प्रदेश के लोगों और बाहरी राज्यों से आने वाले सैलानियों से अपील है कि वह मनोरंजन के लिए अपनी और दूसरों की जान जोखिम में न डालें।
पर्यटक स्थलों पर मोबाइल पेट्रोलिंग बढ़ाने के निर्देश
प्रदेश पुलिस ने जिला पुलिस अधीक्षकों को हिदायत दी है कि ऐसे मामलों पर तुरंत कार्रवाई की जाए और जागरूकता अभियान भी चलाया जाए। पर्यटक स्थलों पर मोबाइल पेट्रोलिंग के माध्यम से निगरानी बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस का कहना है कि सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करना हर नागरिक की जिम्मेदारी है, लापरवाही करने वालों पर अब कड़ी कानूनी कार्रवाई तय है।
क्या होता है सनरूफ?
सनरूफ एक ऐसी खिड़की या खुलने वाला हिस्सा होता है जो कार की छत पर होता है। यह आमतौर पर कांच या धातु से बना होता है और इसे खोला या बंद किया जा सकता है, जिससे यात्रियों को ताजी हवा और बाहर का नजारा लेने का मौका मिलता है। कुछ सनरूफ में स्लाइडिंग या टिल्टिंग की सुविधा होती है।