स्वयंसेवियों को साइबर क्राइम और साइबर ठगी से बचने के प्रति किया जागरूक।
बिलासपुर – सुभाष चंदेल
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला घागस, जिला बिलासपुर में राष्ट्रीय सेवा योजना के तहत चल रहे सात दिवसीय कैंप के तीसरे दिन की शुरुआत सुबह प्रभात फेरी और योग से हुई। उसके उपरांत प्रोजेक्ट वर्क के तहत स्कूल परिसर की साफ सफाई को अंजाम दिया गया।
तीसरे दिन रिसोर्स पर्सन के रूप में शिक्षा क्षेत्र से जुड़े अब्दुल मजीद, प्रवक्ता कंप्यूटर साइंस ने शिरकत की। उन्होंने स्वयंसेवियों को साइबर क्राइम से जुड़ी जानकारी दी।
स्वयंसेवियों को साइबर क्राइम के प्रति जागरूक किया गया और साथ में साइबर ठगी से बचने के लिए कई बिंदुओं की विस्तृत जानकारी दी गई।
उन्होंने कहा कि हमारा समाज डिजिटल युग की ओर बढ़ रहा है, नई-नई तकनीकी की तरफ दुनिया बढ़ रही है। परंतु जितना हम डिजिटलाइजेशन की ओर बढ़ रहे उतना ही फ्रॉड भी बढ़ रहा है।
आए दिन कहीं ना कहीं साइबर हमले के मामले सामने आ रहे हैं। साइबर हमले से बचाव का सही तरीका स्वयं का बचाव है क्योंकि जब हम स्वयं सुरक्षित होंगे तभी दूसरों को कर पाएंगे।

यदि आपके पास कोई भी कॉल आता है और आपसे आपका पिन नंबर,ओटीपी, पूछता है तो कतई न बताएं। क्योंकि जितना हम डिजिटल युग की तरफ बढ़ रहे हैं उतना ही हम असुरक्षित हो रहे हैं।
सोशल साइट के माध्यम से या ऑनलाइन मदद के नाम पर रुपये मांगने वालों को बिना पहचान किए कोई धनराशि न दें। एटीएम हमेशा अकेले प्रयोग करें इसके प्रयोग के लिए किसी अनजान व्यक्ति की मदद न लें।
अपने खाते का पासवर्ड किसी के साथ शेयर न करें न ही उसे कंप्यूटर या मोबाइल पर सेव करें। अपना पासवर्ड नियमित रूप से बदलें। टीवी, अखबार, ऑनलाइन माध्यम के जरिये दिए जाने वाले लोक लुभावने ऑफरों के झांसे में न आएं।

ऑनलाइन धोखाधड़ी होने पर तत्काल हेल्पलाइन नंबर 1930 या 55260 पर कॉल करें। तत्पश्चात साइबर सेल को सूचना जरूर दें। साइबर अपराध से बचने के लिए युवाओं को स्वयं जागरूक होकर दूसरों को भी जागरूक करना होगा।
अंत में उन्होंने कहा कि वास्तविक दुनिया में उत्पन्न खतरे से पुलिस आपकी सुरक्षा कर सकती है किन्तु साइबर स्पेश में हो रहे साइबर अपराध से बचाव की कुंजी आपकी जागरूकता है। इसके लिये हमेशा सतर्क एवं जागरूक रहें।
ये रहे उपस्थित
इस मौके पर स्कूल कार्यकारी प्रधानाचार्य राजेंद्र कुमार, एन एस एस कार्यक्रम अधिकारी विजय पाल सिंह और सीमा शर्मा उपस्थित रहे।

