
शिमला – नितिश पठानियां
हिमाचल सरकार ने स्पोट्र्स कोटा की रिक्तियों को भरने के लिए इस भर्ती प्रक्रिया में बड़ा बदलाव किया है। पिछली कैबिनेट की बैठक में इस बारे में पूरी प्रक्रिया को बदलने का निर्णय लिया गया था। अब इस निर्णय को लागू किया जा रहा है।
कार्मिक विभाग इस बारे में संशोधित दिशा-निर्देश जारी करेगा। दरअसल हिमाचल में सरकारी क्षेत्र में 3 फ़ीसदी स्पोट्र्स कोटा है, जिसके तहत लगभग सभी कैटेगरी में यह भर्तियां की जाती हैं, लेकिन दिक्कत ज्यादातर तकनीकी पदों पर आ रही है।
उदाहरण के तौर पर लैब टेक्नीशियन जैसे तकनीकी पदों पर स्पोट्र्स कोटा से उम्मीदवार नहीं मिलते। यही हाल बाकी तकनीकी पदों पर भी है।
युवा सेवाएं एवं खेल विभाग समय पर चि_ियों का जवाब नहीं देता और भर्ती एजेंसियां अपने स्तर पर फैसला नहीं ले पाती। इस कारण स्पोट्र्स कोटा के पद खाली चल रहे हैं। इसकी सबसे बड़ी वजह यह है कि तकनीकी पदों पर इस कोटा के पात्र उम्मीदवार ही नहीं हैं।
अब न तो इस बारे में ज्यादा इंतजार होगा, न ही यह रिक्तियां रहेंगी। नई प्रक्रिया के अनुसार स्पोर्ट कोटा के पदों को स्पॉन्सर करने के 6 सप्ताह के भीतर खेल विभाग को नॉन अवैलिबिल्टी सर्टिफिकेट संबंधित विभाग को देना होगा।
मान लीजिए स्वास्थ्य विभाग ने स्पोट्र्स कोटा की भर्तियां करनी है, तो खेल विभाग पात्र उम्मीदवार न मिलने का प्रमाण पत्र उसी विभाग को देगा। इसके लिए 6 सप्ताह का समय तय हुआ है।
उसके बाद एक बार हमीरपुर कर्मचारी चयन आयोग भी एक मौका इन पदों को भरने के लिए देगा। इसके बाद भी यदि यह पद खाली रहते हैं, तो उसी कैटेगरी को वापस हो जाएंगे। जहां से यह स्पोट्र्स कोटा के तहत आए थे।
मान लीजिए एससी के पद यदि स्पोर्टस कोटा में होंगे और पात्र उम्मीदवार नहीं मिल रहे होंगे, तो वापस एससी कोटा में ही यह चले जाएंगे और फिर नॉन स्पोट्र्स अभ्यर्थियों के जरिए इन्हें भरा जा सकेगा। इससे तकनीकी पद खाली नहीं रहेंगे और विभागों को भी कर्मचारी मिल जाएंगे।
यदि कोई खेल विभाग 6 हफ्ते के अंदर सर्टिफिकेट नहीं देता है तो इन पदों के लिए ऐसा सर्टिफिकेट डीम्ड ही माना जाएगा और भर्ती प्रक्रिया आगे बढ़ जाएगी। राज्य सरकार को यह कदम इसलिए उठाना पड़ा क्योंकि विभागों में बहुत से तकनीकी पद इस कोटा की वजह से खाली रह रहे थे।
अतिरिक्त मुख्य सचिव कार्मिक विभाग प्रबोध सक्सेना ने बताया कि कैबिनेट से फैसला होने के बाद अब सिर्फ इंस्ट्रक्शन जारी होंगी और जल्द इस प्रक्रिया को लागू कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि यदि पात्र उम्मीदवार स्पोट्र्स कोटा के तहत मिलते हैं तो उनकी भर्ती हो जाएगी और यदि नहीं मिलते हैं तो पद वापस चले जाएंगे।
