हिमखबर डेस्क
लाहौल घाटी के मशहूर पर्यटन स्थल सिस्सू के वाटरफॉल को सैलानी अब दूर से ही निहार सकेंगे। किसी भी व्यक्ति को इस जगह जाने की अनुमति नहीं रहेगी। धार्मिक बौद्ध गुरु ने वाटरफॉल के समस्त क्षेत्र को पूजनीय स्थल बताया है।
इस जगह पर्यटकों व स्थानीय लोगों की आवाजाही से गंदगी भी फैल रही है। इन सभी चीजों को ध्यान में रखते हुए सिस्सू के लोगों ने वाटरफॉल के नजदीक जाने पर रोक लगा दी है।
ग्रामीणों ने आज इस देवी देवताओं के पवित्र स्थान पर पूजा पाठ करवाया व देवी देवताओं से सुख समृद्धि की कामना की। ग्रामीण सिस्सू पर्यटन स्थल को अपने स्तर पर विकसित करने का प्रयास कर रहे हैं।
पर्यटक अन्य सभी जगह बेरोक-टोक घूम फिर सकते हैं लेकिन वाटरफॉल के नजदीक नहीं जा सकेंगे। इससे धार्मिक पर्यटन स्थल की पवित्रता बनी रहेगी।
ग्रामीण राजेश, टशी व विक्रम ने बताया कि धर्म गुरु ने इस जगह को बहुत ही पवित्र बताया। उन्होंने कहा कि यह देवी देवताओं का स्थान है तथा पहाड़ी होने के कारण दर्घटना का भी अंदेशा रहता है। इन सभी बातों को ध्यान में रखते हुए वाटरफॉल के क्षेत्र को सभी के लिए बन्द करने का निर्णय लिया है।
उन्होंने बताया कि यह वाटरफॉल पर्यटकों की पहली पसंद रहता है। पर्यटक कुछ दूरी में रखकर फोटोग्राफी कर सकते हैं लेकिन वाटरफॉल के नजदीक नहीं जा सकते।
उन्होंने बताया कि पिछले कुछ दिनों से सिस्सू सहित लाहौल घाटी में पर्यटकों की आमद बढ़ी है। पर्यटक बर्फ से ढकी लाहौल की वादियों में घूमने का आनंद ले रहे हैं।