शरण कॉलेज में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली छात्राएं सम्मानित

--Advertisement--

Image

कांगड़ा – राजीव जसवाल 

शरण कॉलेज ऑफ एजुकेशन फ़ॉर वूमेन घुरकडी (कांगड़ा) में पारितोषिक वितरण समारोह का आयोजन किया गया। जिसके अंतर्गत उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली छात्राओं को सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ उप निदेशक उच्च शिक्षा कांगड़ा (धर्मशाला) डॉ रेखा कपूर द्वारा मां सरस्वती के चरणों में दीपक प्रज्वलित कर हुआ।

इस अवसर पर कॉलेज प्रबन्धक एच के चाँद सैनी, कॉलेज चेयरमेन अंशुल सैनी, निदेशक शालिनी सैनी, कॉलेज प्रधानाचार्या, स्कूल प्रधानाचार्या आरती शर्मा भी मौजूद रहे। कार्यक्रम में बीएड छात्राओं ने माँ की स्तुति करते हुए नृत्य सहित सरस्वती वंदना प्रस्तुत की।

कॉलेज प्राचार्या सुमन शर्मा की अध्यक्षता में मुख्य अतिथि डिप्टी डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन डॉ रेखा कपूर का पुष्प-गुच्छ देकर अभिनन्दन किया गया। डिप्टी डायरेक्टर ने पारितोषिक समारोह में मुख्यातिथि के रूप में शिरकत की।

डॉ सुमन शर्मा ने कार्यक्रम के आखिर में सालाना विवरण पढ़कर शरण कॉलेज की उप्लब्धियों से अवगत करवाया।उसके बाद एकेडमिक और अन्य गतिविधियों में छात्राओं के बेहतर प्रदर्शन के लिए उन्हें प्रथम, द्वितीय, तृतीय व सांत्वना पुरस्कारों से नवाजा गया।

बेस्ट हॉउस का पुरस्कार चन्दरभागा सदन को मिला।कार्यक्रम में मीडिया को भी गेस्ट ऑफ ऑनर देकर सम्मानित किया गया। साथ ही विभिन्न सरकारी स्कूलों के प्रधानाचार्यों को भी गेस्ट ऑफ ऑनर से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के मध्य में डीएलएड की छात्रा तन्वी ने एकल नृत्य प्रस्तुत किया।

बीएड छात्राओं ने नारी सशक्तिकरण पर एक लघु नाटिका प्रस्तुत कर सबको नारी होने पर गर्व महसूस करवाया।डिप्टी डायटेक्टर ने छात्राओं को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि अगर हमारे शिक्षार्थी मंच पर अपनी प्रतिभा दिखाने में सफल होते हैं उनका वर्तमान ही नहीं , भविष्य भी उज्ज्वल होगा।

विद्यार्थी काल में अनुशासन परिश्रम की आदत बनानी चाहिए ताकि इसका लम्बे समय तक लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि आज समय कौशल विकास और डिजिटाइजेशन का है। इस हेतु विद्यार्थियों के कौशल विकास की दिशा में विशेष ध्यान दें।

उन्होंने सांस्कृतिक कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम भारत की सांस्कृतिक एकता को दर्शाते हैं। कॉलेज प्रबन्धक श्री एच. के. चाँद सैनी ने कहा कि उनका लक्ष्य गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ- साथ बच्चों की मानसिक शक्ति का विकास करना है।

अंत में प्रशिक्षु छात्राओं ने पंजाबी गिद्दा प्रस्तुत किया। मंच संचालन असिस्टेंट प्रोफेसर नीतिज गौरा और इशविंद्र सुनेल ने किया।

--Advertisement--
--Advertisement--

Share post:

Subscribe

--Advertisement--

Popular

More like this
Related

ईरान ने दहलाए अमरीका के सहयोगी, कतर के सबसे बड़े गैस प्लांट पर दागी मिसाइलें

कतर के सबसे बड़े गैस प्लांट पर दागी मिसाइलें;...

प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में नहीं रहेगी डाक्टरों की कमी, सीएम का ऐलान, 400 पदों पर भर्ती कर रही सरकार

हिमखबर डेस्क  हिमाचल के प्राथमिक स्वास्थ्य संस्थानों में अगले छह...