
धर्मशाला – राजीव जस्वाल
बेशक स्मार्ट सिटी धर्मशाला में नाममात्र के फुटपाथ हैं, लेकिन जो हैं उन पर अतिक्रमण है। चाहे फुटपाथ पर दुकानदारी सजाने वाले हों या फिर वाहन पार्क करने वाले। इस कारण फुटपाथ पर तो राहगीर चल नहीं सकता और उसे मजबूरन सड़क पर ही जान हथेली पर रख गुजरना पड़ता है।
हालांकि शहर के स्मार्ट सिटी के रूप में चयन के बाद नगर निगम ने मुख्य सड़कों जैसे धर्मशाला-पालमपुर व निगम कार्यालय के बाहर फुटपाथ तो बनाए हैं, लेकिन इनका इस्तेमाल भी लोग वाहन पार्क करने के लिए ही करते हैं।
इसके अलावा कई ऐसे स्थान भी हैं जहां लोग ही उनका सदुपयोग नहीं करते हैं। इनमें क्षेत्रीय अस्पताल से लेकर शामनगर रोड तक बना फुटपाथ भी शामिल है। यह फुटपाथ सड़क से ऊंचा है और सीढि़यों के कारण लोग इसका उपयोग करना पसंद नहीं करते है।
बात करें सबसे बड़े बाजार कोतवाली व मैक्लोडगंज की तो यहां फुटनाथ का नामोनिशान ही नहीं है। अभी तक निगम अधिकारियों व जनप्रतिनिधियों की ओर से भी कोई प्रयास नहीं किया गया जिससे लोग बिना किसी जोखिम के आवाजाही के लिए फुटपाथ का इस्तेमाल कर पाएं।
मर्ज क्षेत्रों में अभी तक यह सुविधा नहीं है। मर्ज क्षेत्रों की सड़कों पर केवल पुलों पर ही फुटपाथ हैं, वे भी उनमें जहां नए पुल बने हैं।
क्या कहती है जनता व अधिकारी
- शहर में बढ़ते यातायात के कारण फुटपाथ का होना आवश्यक है। लोगों को चाहिए कि एक शहरी होने का दायित्व निभाते हुए फुटपाथ पर अतिक्रमण न करें। -अरविंद रकवाल।
- यह जरूरी है कि हम फुटपाथ का सदुपयोग करें। जहां आवश्यकता है, वहां फुटपाथ बनाए जाने चाहिए। इसके लिए सभी को सहयोग देना चाहिए। -अभय।
- निगम को चाहिए कि फुटपाथ पर किसी को भी अतिक्रमण न करने दे। फुटपाथ आम राहगीरों के लिए होते हैं और निगम इन्हें अतिक्रमणकारियों से खाली कराए। -मुनीष लूथरा
- फुटपाथ आम राहगीरों के लिए होते हैं और इन पर अतिक्रमण नहीं करना चाहिए। ऐसे अतिक्रमणकारियों के खिलाफ निगम कार्रवाई करे। इसके लिए व्यापार मंडल भी सहयोग देने को तैयार है। -नरेंद्र जंबाल
- फुटपाथ सहित सड़क किनारे स्थित निकास नालियों पर अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ निगम ने कार्रवाई की तैयारी कर ली है। मैक्लोडगंज से इसकी शुरुआत 21 अप्रैल से की जाएगी। -ओंकार नैहरिया, महापौर
- मैक्लोडगंज समेत अन्य स्थानों पर फुटपाथ पर अतिक्रमण करने वालों को पहले ही हिदायत जारी कर दी गई थी। 21 अप्रैल से निगम बकायदा कार्रवाई करने जा रहा है। किसी को भी नहीं बख्शा जाएगा। -प्रदीप ठाकुर, आयुक्त नगर निगम धर्मशाला।
