डीसी ऑफिस शिमला में विजिलेंस की रेड, एक लाख रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा कर्मचारी

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शिमला, 19 जनवरी – नितिश पठानियां

हिमाचल प्रदेश स्टेट विजिलेंस व एंटी क्रप्शन ब्यूरो ने राजधानी में वक्फ बोर्ड के एस्टेट ऑफिसर सादिक मोहम्मद (48) पुत्र रमजान मोहम्मद को एक लाख की रिश्वत लेते हुए उपायुक्त कार्यालय में रंगे हाथों गिरफ्तार किया है।

शुरूआती जानकारी के मुताबिक रिश्वत के आरोप में गिरफ्तार अधिकारी द्वारा वक्फ बोर्ड से जुड़ी संपत्ति को लेकर रिश्वत मांगी जा रही थी। ये रिश्वत वक्फ बोर्ड की संपत्ति के तहत एक फ्लैट की लीज एग्रीमेंट को रिन्यू करने की एवज में मांगी जा रही थी।
एस्टेट ऑफिसर द्वारा रिश्वत मांगने की शिकायत विजिलेंस को मिली थी। इसकी पड़ताल के बाद विजिलेंस ने रिश्वतखोरी के मामले में एस्टेट ऑफिसर को रंगे हाथों दबोचने को लेकर जाल बिछाया था।

मामले में एक अहम बात ये भी है कि एस्टेट अधिकारी का कार्यालय चक्कर में है। लेकिन वो लीज एग्रीमेंट को एक लाख की रिश्वत लेने के बाद शिकायतकर्ता को सौंपने डीसी कार्यालय पहुंचा था। गौरतलब है कि कई बार वक्फ बोर्ड की संपत्तियों को लेकर विवाद भी होते रहे हैं।

विजिलेंस के अधिकारियों ने उक्त आरोपी से पूछताछ के लिए डीसी ऑफिस का कमरा नंबर 408 हायर किया। यहां पर आरोपी से पूछताछ चल रही है। फिलहाल विजिलेंस इस बात की जानकारी जुटाने में जुटी है कि वह पहले भी इस मामले में संलिप्त था या नहीं।

माना जा रहा है कि विजिलेंस द्वारा एस्टेट अधिकारी की चल व अचल संपत्ति को भी खंगाला जा सकता है। इसके अलावा ये भी तफ्तीश में शामिल किया जा सकता है कि अधिकारी द्वारा कितनी संपत्तियों के एग्रीमेंट रिन्यू किए गए हैं। विजिलेंस द्वारा आरोपी को न्यायालय में पेश करने की तैयारी भी की जा रही है।

उधर, स्टेट विजिलेंस व एंटी क्रप्शन ब्यूरो की एसपी अंजुम आरा ने वक्फ बोर्ड के एस्टेट अधिकारी सादिक मोहम्मद की गिरफ्तारी की पुष्टि की है। साथ ही इस बात की भी तस्दीक की है कि आरोपी अपने कार्यालय को छोड़कर रिश्वत लेने के लिए उपायुक्त कार्यालय पहुंचा था।

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