
ज्वाली/भलाड – शिबू ठाकुर
लोकनिर्माण विभाग ज्वाली के अधीन ग्राम पंचायत बनोली खास के वार्ड नंबर 3 और 4 के बाशिंदे आजादी के 75 साल बीत जाने के बाद भी गुलामी भरी जिंदगी जीने को मजबूर हैं।
ऐसे तो केन्द्र सरकार और प्रदेश सरकार गांवो में विकास कार्यों के अनेकों लाखों दावे कर रही है, मगर धरातल पर हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। ऐसा ही मामला हिमाचल प्रदेश के जिला काँगड़ा की विधानसभा ज्वाली के तहत पंचायत बनोली खास के वार्ड नंबर 3 और 4 में देखने को मिला है।
पंचायत बनोली खास के वार्ड नंबर 3 और 4 हाई स्कूल से लेकर पैमरी स्कूल तक आने -जाने वाले रास्ते की स्थिति आज भी बदहाल है। आज के इस डिजिटल यूग के दौर में मजबूर होकर बच्चों को कीचड़ भरे रास्तों से होकर स्कूल आना जाना पड़ रहा है।
वहीं ग्रामीण इंद्र कुमार,नरेश सिंह, रशपल सिंह, चमन लाल, हुक्म चंद, राज कुमार, बलवंत सिंह, आदि ने बताया कि चुनावों के समय हर कोई राज नेता गांव में आते हैं और समस्या का समाधान करने का आश्वासन देकर चले जाते हैं।
वहीं विधायक अर्जुन ठाकुर ने भी इस पंचायत को सड़क सुविधा से जोड़ने के लिए पांच वर्ष आश्वासनों में ही गुज़ार दिए और जनता के हाथ में लोलिपोप थमाकर चले गए।
वहीं बनोली पैमरी स्कूल में अध्ययन करने वाले छात्र- छात्राओं को पक्की सड़क के अभाव में कीचड़ में से होकर स्कूल जाना पड़ता है। इस बीच विधार्थियों को काफी मुश्किल का सामना करना पड़ रहा है। वहीं सड़क पर कीचड़ के कारण बच्चे अपना बस्ता संभाले या कपड़ों की और ध्यान दे? कभी कभी बच्चे तो स्कूल समय पर नहीं पहुंच पाते ।
क्या कहते है अधिकारी
जब इस बारे में लोकनिर्माण विभाग ज्वाली के अधिशाषी अभियंता जगतार सिंह से बात हुई तो उन्होंने कहा कि मामला मेरे ध्यान में नहीं था, आपके माद्यम से मुझे इस मामले से अवगत करवाया गया है। जल्द ही रोड़ को ठीक कर दिया जाएगा।
