
ज्वालामुखी, शीतल शर्मा
मिनी सचिवालय ज्वालामुखी परिसर में एडवोकेटो व अर्जी नवीसों के लिए बनाये गए शेड में 4 लोगों एडवोकेट अभिषेक पाधा, अभिजीत पाधा, हरीश चंद टाइपिस्ट, एडवोकेट भावना शर्मा द्वारा प्रशाशन की बगैर अनुमति से अबैध रूप से शटर लगाए जाने पर प्रशासन एक्शन मोड में आ गया है।
प्रशासन ने इन लोगों के संयुक्त आग्रह पर बारिश व धूप इत्यादि से बचने के लिए शेड बनाने की अनुमति प्रदान की थी, लेकिन लोगों को कानून की जानकारी देने वाले तथा नियमों की पूरी जानकारी रखने वालों ने खुद नियमों को धत्ता बताते हुए शेड के खोखों में शटर लगाकर प्रशासन द्वारा दी गयी अनुमति के विरुद्ध काम किया है।
खोखों में शटर लगाने से मचे बबाल के बीच प्रशासन ने सख्ती दिखाते हुए कहा है तीन दिन के भीतर शेड के खोखों में लगे शटर हटा लें। ऐसा न होने की स्थिति में प्रशासन इन्हें खुद हटाएगा व खर्चा उन्हें खुद उठाना पड़ेगा। प्रशासन का तर्क है कि केवल शेड की अनुमति पर व्यक्तिगत खोखे बना लेना और शटर लगाकर एक तरह का कवजा करना नियमों के विपरीत है, इसे सहन नहीं किया जाएगा। प्रशासन ने कहा है कि बात नहीं मानने पर इन लोगों को शेड से भी हटा दिया जाएगा।
वहीं इस मामले में शनिवार को सचिवालय परिसर में वेल्डर व पुलिस को बुलाया गया था। लेकिन स्टाफ को कमी के चलते वापिस भेज दिया गया। वहीं अब इस मामले में प्रशाशन का रूख अवैध कब्जा करने वालों ले खिलाफ कैसा रहता है यह तो अब सोमवार को ही पता चल पाएगा।
धनवीर ठाकुर, एस डी एम जवालामुखी के बोल हमनें नियमानुसार इन लोगों को नोटिस जारी कर दिए हैं। इन लोगों ने निर्धारित समयावधि में खोखे व शटर नहीं हटाये। अब प्रशासन इन्हें हटाएगा तथा इन्हीं लोगों से खर्चा भी वसूल करेगा। छुट्टी के कारण सोमवार को कार्यवाही की जाएगी।
