
चम्बा- भूषण गुरुंग
भारत की जनवादी नौजवान सभा इकाई चुवाडी ने केंद्र सरकार द्वारा हाल में ही में घोषित की गई नई सैन्य योजना के खिलाफ उपमंडल मुख्यालय में आक्रोश रैली निकाली। आक्रोश रैली मेन बाजार से चुवाडी अस्पताल से लेकर सुदली चौक से एसडीएम कार्यालय तक पहुंची।
इस मौके पर नौजवान सभा अध्यक्ष अजय कुमार, सचिव गौरव नाथ सहित अन्य ईकाई सदस्यों ने नायब तहसीलदार अशोक कुमार को ज्ञापन सौंपा। इकाई का कहना है कि अग्निपथ को एक आपदा माना है ।और इसे भारत की संप्रभुता के लिए खतरा बताया है।
केंद्र सरकार ने पिछले 2 वर्षों से नियमित सैन्य भर्ती नहीं करवाई है। जिसके चलते 2021 की तक भारतीय सेना में 104653 कर्मियों की कमी थी। इन पदों को भरने के बजाय केंद्र सरकार ने अब क्षेत्रीय कोटा को पूरी तरह से खत्म करने का फैसला किया है ।और 6 महीने की प्रशिक्षण अवधि सहित 4 साल की अल्प अवधि की भर्ती योजना के साथ जाने का फैसला किया है।
4 साल बाद लगभग तीन चौथाई सैनिक बिना पेंशन या ग्रेजुएटी के सेवानिवृत्त हो जाएंगे इस नीति के परिमाण स्वरूप हर साल अन्य काम की तलाश में लगभग 35000 बेरोजगार और शामिल होंगे। जिसका समय के साथ समाज का सैन्यकरण होगा ।
यह नीति केंद्र कि मोदी सरकार द्वारा अपनाए जाने वाले नव उदारवादी रास्ते के तहत हर संभव कार्य का संविदाकरण करने की योजना में शामिल है। इस नीति के प्रमाण स्वरूप देश में कामकाजी लोगों की नौकरी की सुरक्षा और वित्तीय स्थिरता का पूर्ण विनाश होना निश्चित है।
इस नीति के माध्यम से सरकार ने दुनिया की साम्राज्यवादी ताकतों द्वारा प्रशिक्षित और बेरोजगार सैनिकों की भाड़े पर भर्ती के दरवाजे खोल दिए हैं। भारत की जनवादी नौजवान सभा भारतीय लोगों और हमारी संप्रभुता पर इन नव उदारवादी हमलो का पूरजोर से विरोध करती है ।
भारत की जनवादी नौजवान सभा अग्निपथ योजना को तत्काल प्रभाव से निरस्त करने और शस्त्र बलों में नियमत भर्ती करने की मांग करती है।
