हफ्ते बाद नसीब हो रहा एक बाल्टी पानी, टैंकरों से पानी मंगवाने को मजबूर लोग
ज्वाली – अनिल छांगू
ज्वाली विधानसभा क्षेत्र के ग्राम पंचायत कोठीबंण्डा के गांव दियोल, अमनी, धड़ूं में पेयजल के लिए हाहाकार मचा हुआ है। गर्मियों से पहले ही पेयजल व्यवस्था चरमरा गई है। लोग पानी की बूंद-बूंद को तरस रहे है। दूरदराज के कुओं, और हैंडपंपों, बावड़ियों, से सिर पर घड़े उठाकर पानी ला रहे हैं या फिर टैंकरों से पानी मंगवाना पड़ रहा है।
स्थिति इतनी भयंकर हो गई है कि लोगों को हफ्ते बाद भी नलों से एक बाल्टी भी पानी की नसीब नहीं हो रही है। जब कभी पानी आता भी है तो यूं टपकता है कि जैसे बरसात में स्लेटपोश छत से पानी टपकता है।
अब लोग टॉयलेट की टंकियों में पानी डालें या फिर पेयजल टंकियों में पानी डालें, यही बात समझ नहीं आती। सीजन विवाह-शादियों का है और लोगों को यज्ञ, विवाह-शादियों में धाम खिलाने में भी पानी की व्यवस्था करना टेढ़ी खीर साबित हो रहा है।
दियोल, अमनी, धंडू़ के राजीव, अजय, रमेश, संयोगिता, विजय, अनीता, इच्छा देवी इत्यादि ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू, जल शक्ति मंत्री मुकेश अग्निहोत्री से मांग की है कि ग्रामीणों को पेयजल देने के सख्त निर्देश दिए जाएं अन्यथा विभागीय कार्यालय के बाहर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।
कोठीबंण्डा प्रधान मनप्रीत कौर के बोल
वंही इस संबंध में ग्राम पंचायत कोठीबंण्डा की प्रधान मनप्रीत कौर ने कहा कि मेरी पंचायत के इन गांवों में पानी की समस्या काफी दिनों से चल रही है उन्होंने कहा कि मैनें बिभाग को कई बार इस समस्या बारें अवगत करवाया है लेकिन अभी तक कोई हल नहीं हुआ है।
जल शक्ति विभाग उपमंडल कोटला के सहायक अभियंता विजय नाग के बोल
वंही जल शक्ति विभाग उपमंडल कोटला के सहायक अभियंता विजय नाग ने कहा कि कुछ पंचायतों में पीने के पानी की समस्या पिछले 4 महीनों से चल रही है। उन्होंने कहा कि यह समस्या बिजली की कम वोल्टेज होने के कारण आ रही है जिससे पेयजल स्कीमों पर मशीनरी नही चल रही है और इसी कारण लोगों को पीने के पानी की दिक्कत आ रही है। उन्होंने कहा कि जव बिजली वोल्टेज पूरी हो जाएगी तो पेयजल की समस्या दूर हो जाएगी।

