शाहपुर, नितिश पठानियां
देश-दुनिया समेत जिला कांगड़ा में कोरोना की दूसरी लहर ने हर किसी को हिलाकर रख दिया है। ऐसे दौर में अब स्वास्थ्य विभाग ने कोविड केयर सेंटरो को बंद कर होम आइसोलेशन को प्राथमिकता दी है। ऐसे नियम आम लोगों के लिए तो सही हैं, लेकिन जिनके पास रहने के लिए उचित छत नहीं है उनके लिए ये नियम आफत से कम नहीं हैं।
जिन लोगों के पास घर में ज्यादा कमरे नहीं हैं उनके लिए होम आइसोलेशन में रहना चुनौती से कम नहीं है। ऐसे लोगों की सहायता के लिए शाहपुर क्षेत्र के युवा समाजसेवक कार्निक पाधा आगे आए हैं। यह युवा न केवल ऐसे लोगों को दो वक्त की रोटी उनके पास पहुंचा रहा है, बल्कि छत भी दे रहा है।
कार्निक पाधा की इस पहल की हर कोई सराहना कर रहा है। कार्निक पाधा बताते हैं कि पिछले दिनों उन्हें एक फोन आया। फोन पर व्यक्ति ने कहा कि उसका एक दोस्त कोरोना संक्रमित है, लेकिन अस्पताल वाले उसे भर्ती नहीं कर रहे हैं।
जब पता किया तो नियमों के हिसाब से व्यक्ति अस्पताल में भर्ती होने के लिए पात्र नहीं था, क्योंकि उसे सामान्य कोरोना था। बकौल पाधा, जब पीड़ित व्यक्ति से बात की तो उसने बताया कि उसके घर में एक ही कमरा है। एक कमरे में वह और उसके माता-पिता समेत तीन सदस्य रहते हैं।
ऐसे में वह होम आइसोलेशन में कैसे रह सकता है। इस देखते हुए कार्निक पाधा ने उस व्यक्ति को अपने शाहपुर स्थित कार्यालय में कमरा दिया। साथ ही उसे दोपहर और शाम का खाना भी मुहैया करवाया। इसके बाद एक -दो और लोगों के इस तरह के मामले आए। इस पर उन्होंने अपना मोबाइल नंबर हेल्पलाइन नंबर की तर्ज पर जारी कर दिया है। इस वक्त वह शाहपुर क्षेत्र के तीन कोरोना संक्रमितों को दो वक्त का खाना मुहैया करवा रहे हैं।