
चुवाडी, भूषण गुरूंग
आज कुलदीप सिंह पठानिया जी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस और लाइव आकर लोगों को बता दिया है कि बहुत सी सरकारे आई बहुत सी सरकारें गयी, लेकिन चुबाड़ी बस स्टैंड की किसी ने सुध नही ली।
जब बिक्रम सिंह जरयाल जी ने चुबाड़ी बस स्टैंड के सौंदर्यीकरण के लिए 35 लाख के लगभग का बजट स्वीकृत करवाके काम शुरू करवाया तो, कांग्रेस सरकार के समय में उन्होनें अपने खासमखास बन्दें को बहां HPMC से एक दुकान दिलवा के रखी हुई थी, उसमें वो HPMC की सामग्री न बेचने की बजह अन्य सामग्री बेच रहा था।
बहां के अन्य व्यपारियों ने भी जरयाल से शिकायत की, कि विभाग को निर्देश दिए जाए कि वो केवल HPMC की सामग्री ही बेचें अन्यथा हम भी बस स्टैंड में अपनी अपनी दुकानें खोल लेंगे।
2 या 3 बार विभाग को निर्देश देने के बाद भी कार्यवाई अमल में न आई न जाने किस नेता का इतना आशीर्वाद उस पर था। जरयाल जी ने फिर भी कुछ नही बोला, विभाग को निर्देश दिए कि जब तक बस स्टैंड का कार्य आरंभ नही किया होता बहां से दूकान हटा दें और उसके उपरांत दुकान को दोवारा से लगा दें।
लेकिन दुकानदार कहाँ मानने वाला था बहां अभी तक कार्य चला हुआ था जनाब ने अपना अवैध रूप से सामग्री बेचना शुरू रखा हुआ था, अचानक बस स्टैंड के निरीक्षण में पहुंचने मुख्य सचेतक बिक्रम सिंह जरयाल तो बहां लोगों ने कहा जनाब यहां HPMC की दूकान है।
HPMC का सामान तो बेचते नही यह तो अपनी मर्जी के सामान बेच रहें, उसमे बीड़ी सिगरेट भी शामिल है। उसके उपरांत लोगों के लिए हमेशा लड़ने बालने, ईमानदार नेता जरयाल को गुस्सा आया और उनपर कार्यवाई के निर्देश दिए।
उसके बाद हुआ यूं उन्होनें अपने उस नेता को कॉल कर दिया। जो हमेशा भृष्टाचार , अवैध निशीलें पदार्थों और अवैध कार्यो को अंजाम देते आ रहे। भटियात कांग्रेस के पूर्व विधायक।
अवैध निशीलें पदार्थों का जिक्र इसलिए कर रहा हूँ क्योंकि पिछले कुछ दिन पहले उनके भतीजे पारस पठानिया और थोड़े ही दिन पहले उनके खासमखास बन्दों को चीटे के साथ पुलिस ने रंगें हाथों पकड़ा था, तब जनाब इतनी जल्दी लाइव और प्रेस कॉन्फ्रेंस क्यों नही कर रहे थे, क्योंकि वो आपके रिश्तेदार थे और खासमखास थे, आज जरयाल जी भटियात को नशामुक्त करना चाहते, भर्ष्टाचार मुक्त करना चाहते है तो आपको दिक्कत होती है।
