
कोटला – स्वयंम
पूर्व सैनिक एवं वर्तमान उपप्रधान पंचायत डोल भटहेड़ साधू राम राणा ने प्रेस वार्ता में कहा कि हाल ही में केंद्र सरकार द्वारा सेना में जो अग्नि पथ भर्ती योजना शुरू करने की घोषणा की है।
उसको लेकर युवाओं में भारी संख्या में रोष प्रदर्शन देखने के साथ साथ राजनीति दल भी इस भर्ती नीति के विरोध में प्रदर्शन करते हुए दिखाई दे रहे हैं लेकिन सबसे बड़ी विडंबना इस भर्ती को लेकर जो सामने आई है।
वह यह कि सेना में कार्यरत और सेना से सेवानिवृत्त अधिकारियों की राह इस भर्ती को लेकर अलग अलग दिखाई दे रही है। जहां पर सेना में कार्यरत अधिकारी इस भर्ती की खूबियां गिना रहे हैं।वहां सेना से सेवानिवृत्त अधिकारी इस भर्ती को लेकर अनेकों खामियां गिना रहे हैं।
अतः सेना के सेवानिवृत्त और कार्यरत अधिकारियों के भर्ती को लेकर इस प्रकार विचारों की भिन्नता को देखते हुए हर कोई व्यक्ति इस भर्ती को लेकर शंकित हो रहा है कि आखिर सेना के सेवानिवृत्त और कार्यरत अधिकारियों के विचार इस भर्ती को लेकर अलग अलग होना कहीं कार्यरत सेना अधिकारियों के ऊपर सरकार के निर्णय को अमलीजामा पहनाने केलिए किसी सरकारी दबाव का मुख्य कारण तो नहीं हैै।
क्योंकि सेना की कार्यप्रणाली की समझ तो सेना के सेवानिवृत्त अधिकारियों को भी अच्छी तरह से है कि सेना के संचालन हेतु कोन सी योजना सही और कौन सी ग़लत है।
