PGI रैफर गर्भवती महिला की एंबूलेंस में प्रसूति, बेटे की किलकारी

--Advertisement--

Image

सिरमौर – नरेश कुमार राधे

प्रसूति में जटिलता के कारण डाॅ. वाईएस परमार मेडिकल काॅलेज से 28 वर्षीय गर्भवती को पीजीआई चंडीगढ़ रैफर किया गया। लेकिन रास्ते में ही हरियाणा के बरवाला में 108 एंबूलेंस में ही रेखा की गोद में बेटे की किलकारी गूंज उठी।

एंबूलेंस के पायलट बलदेव व ईएमटी ममता ने पीजीआई पहुंचने का रिस्क नहीं लिया, क्योंकि प्रसव पीड़ा बेकाबू हो रही थी। बरवाला से पीजीआई तक पहुंचने में 30 से 35 मिनट का वक्त लग सकता था।

डिलीवरी के बाद जच्चा व बच्चा को वापस मेडिकल काॅलेज में लाकर दाखिल किया गया। परिवार चंडीगढ़ नहीं जाना चाहता था। 108 कर्मियों की शानदार कार्यशैली की वजह से जच्चा व बच्चा सुरक्षित है।

उल्लेखनीय है कि 108 एंबूलेंस के कर्मियों द्वारा विगत में भी विकट परिस्थितियों के दौरान प्रसूतियां करवाई जाती रही हैं। 108 कर्मियों ने कहा कि शिशु की किलकारी एक सुकून देने वाली होती है।

हालांकि, प्रसूति के दौरान जोखिम भी होता है, लेकिन इसके अलावा सामने कोई ओर विकल्प भी नहीं होता। जरूरत पड़ने पर 108 की टीम विशेषज्ञों से भी संपर्क कर लेती हैं।

गौरतलब है कि हाल ही में चंबा के किल्लाड़ इलाके में थ्री इडियट फिल्म की एक सीन की तरह महिला की डिलीवरी करवाई गई थी। मौसम खराब होने की वजह से हैलीकाॅप्टर में लिफ्टिंग नहीं हो पाई थी। टांडा मेडिकल काॅलेज के चिकित्सकों ने व्हाटसएप पर वीडियो कॉल के जरिए सफल प्रसूति करवाई थी।

--Advertisement--
--Advertisement--

Share post:

Subscribe

--Advertisement--

Popular

More like this
Related

हिमाचल के निजी-सरकारी स्कूलों पर शिकंजा, शिक्षा विभाग ने जारी किए आदेश

हिमखबर डेस्क  हिमाचल प्रदेश के कई निजी स्कूलों सहित सरकारी...