कांगड़ा के 53 गांव बने आदर्श, केंद्र से मूलभूत सुविधाओं के लिए मिलेंगे 20-20 लाख
हिमखबर डेस्क
पीएम आदर्श ग्राम योजना में पहाड़ी राज्य के सबसे बड़े जिला कांगड़ा के 53 गांव आदर्श घोषित किए जा चुके हैं। वर्ष 2019-20 में चयनित कुल 64 गांवों में अब बचे हुए 11 गांवों को आदर्श बनाने की कवायद जिला प्रशासन व कल्याण विभाग की ओर से तेज कर दी गई है।
इसके तहत ही केंद्र से चयनित गांवों में मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाने के लिए 12 करोड़ 80 लाख का बजट स्वीकृत किया गया है, जिसमें प्रति गांव 20-20 लाख रुपए का बजट भी प्रदान किया जा रहा है। इसमें गांव में सडक़-बिजली, पानी, स्वास्थ्य सहित मूलभूत सुविधा उपलब्ध करवाने को कार्य किया जा रहा है।
इसमें इसी वर्ष वंचित 11 गांवों के 20-20 लाख बजट केंद्र से मिलने की भी उम्मीद है, जोकि जल्द ही मिलने पर विभिन्न ग्राम विकास योजना के तहत चयनित कार्यों में लगाया जाएगा। इस योजना का उद्देश्य 50 प्रतिशत से अधिक अनुसूचित जनसंख्या वाले गांवों का एकीकृत विकास सुनिश्चित करना है।
आदर्श ग्राम एक ऐसी संकल्पना है, जिसमें लोगों को विभिन्न बुनियादी सेवाएं देने की परिकल्पना की गई है, ताकि समाज के सभी वर्गों की न्यूनतम आवश्यकताओं की पूर्ति हो और असमानताएं कम से कम रहें। इन सब गांवों में वह सब ऐसी अवसंरचना होगी और इसके निवासियों को ऐसी सभी बुनियादी सेवाओं की सुविधा मिलेगी, जो एक सम्मानजनक जीवन जीने के लिए आवश्यक है।
इस योजना का प्राथमिक उद्देश्य 10 विभिन्न कार्यक्षेत्रों जैसे पेयजल और स्वच्छता, शिक्षा, स्वास्थ्य और पोषण सामाजिक सुरक्षा, ग्रामीण सडक़ें और आवास, विद्युत और स्वच्छ ईंधन, कृषि पद्धतियां, वित्तिय समावेषण डिजीटलीकरण और जीवन यापन तथा कौशल विकास के अंतर्गत 50 निगरानी योग्य संकेतकों में सुधार करना है।
उधर, समाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग कांगड़ा के जिला कल्याण अधिकारी साहिल मांडला ने बताया कि 64 चयनित में से 53 गांव आदर्श घोषित हुए हैं, अन्य 11 को लेकर कार्य चल रहा है। 70 अंकों की कसौटी में खरा उतारने व केंद्र से बजट मिलने पर वह भी जल्द आदर्श गांव घोषित होंगे।
11 गांव आदर्श बनने की कतार में
जिला कांगड़ा के 11 गांव की कतार में हैं, जहां पर काम किया जा रहा है। इसमें बैजनाथ ब्लॉक के सकड़ी खास, धर्मशाला के सोकणी द कोट व खड़ौता, फतेहपुर के हारा व बरीखास, इंदौरा के चुहारपुर, मोटहली व मझारा, पंचरुखी के अंद्रेटा, परागपुर के पनियामल व रैत के दुरगेला का नाम शामिल है।
ये गांव बने आदर्श
- बैजनाथ ब्लॉक के धानग, कोटली, लोट, चकोल, चकोल बेहरू, खरनाल, पंजाला उपरला व कुंशल ऊपरली
- भवारना ब्लॉक रजेहड़
- देहरा गोपीपुर ब्लॉक के सनोट, हरदीपुर, रखवाला लाहर, सुधांगल, हटली, ठंबा
- फतेहपुर ब्लॉक के छब्बड़, छत्तहर जोगियां व छतहर झिकला
- इंदौरा ब्लॉक के बांथ व बेलीमंथा, चन्नौर, छन्नी व जगरारा
- लंबागांव ब्लॉक के मंझोटी व कोसरी खास
- नूरपुर के देव बहारड़ी, लुहारपुरा, सुधरेहड़ व कद्रोह
- पंचरुखी ब्लॉक के सलेहरा, अगोजर खास, मोलीचक्क, ननवार व धदरेहड़
- परागपुर ब्लॉक के चन्नौर, हार, गरथेडू, मैरा, श्यामनगर, बटवार, सुखराला व गदाल
- रैत ब्लॉक के कनोल, कजलोट, सल्ली, खड़ीबेही, कुठारना, गढ़, पद्धर, रूलेहड़, बासा व झिकला डोहब आदर्श गांव बन गए हैं।