हिमखबर डेस्क
साहब… मेरे नशेड़ी बेटे को जेल ले जाओ, नहीं तो वह मर जाएगा। एक बेबस मां ने खुद पुलिस को फोन करके अपने ही बेटे को सलाखों के पीछे भेजने की गुहार लगाई है। इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि किस कदर युवा नशे के दलदल में धंसते जा रहे हैं। अभिभावक भी बेबस हैं।
जिला शिमला के रहने वाले युवक को पुलिस ने कुछ समय पहले ही नशा तस्करी गिरोह के साथ संलिप्तता के मामले में गिरफ्तार किया था। जमानत मिलने के बाद जब युवक बाहर निकला तो उसने फिर से नशा लेना शुरू कर दिया है।
रात करीब डेढ़ बजे एसएसपी शिमला को फोन करके मां ने बताया कि उसे चिंता इस बात की है कि अगर वह इसी तरह से नशे का सेवन करता रहा तो वह असमय मौत का शिकार हो जाएगा। इसी वजह से वह चाहती है कि बेटा जेल में ही रहे, लेकिन किसी तरह से उसकी जान बच जाए।
यह कोई अकेला मामला नहीं है, जब चिट्टे के आदी युवाओं के अभिभावक इस तरह से लाडलों की नशे की लत के आगे बेबस नजर आ रहे हैं।
कई मामलों में इकलौती औलाद चिट्टे का नशा लेकर ओवरडोज से काल का ग्रास बन चुकी है, तो वहीं इस नशे ने कई परिवारों को तबाह कर दिया है।