
ब्यूरो – रिपोर्ट
यूजीसी संशोधित वेतनमान को लेकर कालेज शिक्षकों ने अपनी हड़ताल को स्थगित कर दिया है। कालेज टीचर एसोसिएशन ने राज्य सरकार को मांग पूरी करने के लिए दो टूक चेतावनी दी है।
संघ के अध्यक्ष डॉ. रामलाल शर्मा ने कहा कि हड़ताल को स्थगित किया गया है, खत्म नहीं। उन्होंने कहा कि सरकार को अगली कैबिनेट तक का समय दिया गया है।कैबिनेट में सरकार यदि शिक्षकों की मांग को पूरा करती है तो ही हड़ताल को खत्म किया जाएगा।
संजौली कालेज में पत्रकार वार्ता को संबोधित करने डॉ. रामलाल शर्मा ने कहा हड़ताल को स्थगित किया गया है, लेकिन पेपर चैकिंग का बहिष्कार जारी रहेगा।
उन्होंने कहा कि पूरे देश में हिमाचल ही एक मात्र ऐसा राज्य है जहां पर शिक्षकों को संशोधित यूजीसी स्केल से वंचित रखा गया है। पिछले एक महीने से शिक्षकों ने विरोध स्वरूप स्नातक अंतिम वर्ष, प्रथम व द्वितिय वर्ष कक्षाओं के पेपरों की चैकिंग का काम रोका हुआ है।
शिक्षकों को वार्ता के लिए बुलाए सरकार
कॉलेज टीचर एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. रामलाल शर्मा ने कहा कि सरकार को कई बार मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपे जा चुके हैं।
उन्होंने कहा कि अभी तक उनके साथ एक भी वार्ता नहीं हुई है। शिक्षकों की किसी भी मांग को पूरा नहीं किया गया है।
उन्होंने कहा कि सरकार वार्ता के लिए बुलाए ताकि शिक्षकों की सभी मांगों पर विस्तृत रूप से चर्चा हो सके।
उन्होंने कहा कि कि कॉलेज शिक्षकों के साथ अन्याय हो रहा है। कभी मांगे पूरी करने की बात की जाती है तो कभी इससे इनकार कर दिया जाता है।
यूजीसी पे स्केल की कर रहे हैं मांग
कालेज शिक्षक पिछले काफी समय से यूजीसी पे स्केल को जारी करने की मांग कर रहे हैं। हिमाचल सरकार ने सभी कर्मचारियों को नए वेतनमान का लाभ दे दिया है।
केवल कॉलेज और विवि शिक्षकों को इससे वंचित रखा गया है। इसलिए शिक्षक विरोध कर रहे हैं।
