बर्बादी की बारिश में 13 की मौत, कांगड़ा में अब तक कुदरत की मार से दो लोग लापता, तीन घर ढहे, 23 हुए क्षतिग्रस्त
हिमखबर डेस्क
प्रदेश सहित जिला कांगड़ा में शुरुआती बरसात ने ही खूब रौद्र रूप दिखाते हुए खूब कहर बरपाया है। जिला में अब तक 13 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि अब भी दो व्यक्ति लापता चल रहे हैं। साथ ही कांगड़ा में तीन घर पूरी तरह से बारिश ने बहा दिए हैं, जबकि 23 घरों को भी काफी क्षति हुई है।
जिला कांगड़ा में पिछले 24 घंटों के दौरान भारी बारिश के चलते 27 विभिन्न आपदा की घटनाएं हुई हैं। जिनसे जिला में अनुमानित नुकसान 16.45 लाख का हुआ है। जिला की आपदा प्रबंधन रिपोर्ट के अनुसार अब तक आत्यधिक वर्षा से घटित घटनाओं में 13 लोगों की मृत्यु हो चुकी है, जिनमें सडक़ दुर्घटनाएं, डूबना, ऊंचाई से गिरना, करंट लगना और फ्लैश फ्लड की घटनाएं शामिल हैं। हालांकि बीते 24 घंटे में कोई नई मृत्यु नहीं हुई है, लेकिन दो लोग अब भी लापता हैं।
राहत के तौर पर मृत व्यक्तियों के परिवारों को फौरी राहत प्रदान की गई है। पशुधन क्षेत्र में तीन गाय की मृत्यु हुई है, जिससे 0.9 लाख की हानि हुई। आवासीय क्षति में एक पक्का मकान पूरी तरह, एक पक्का मकान आंशिक रूप से और आठ कच्चे मकान आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हुए हैं। अब तक कुल तीन मकान पूरी तरह और 23 मकान आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हुए हैं, जिससे 6.95 लाख का नुकसान हुआ है।
इसके अतिरिक्त एक दुकान, 12 गोशालाएं, एक रसोई, शेड और एक सार्वजनिक शौचालय भी क्षतिग्रस्त हुए हैं, जिनसे कुल 5.20 लाख की हानि हुई है। प्रशासन द्वारा विभिन्न क्षेत्रों में क्षति के आधार पर प्रभावितों को आर्थिक सहायता प्रदान की गई है, जिसमें कच्चे व पक्के मकानों, गौशालाओं, दुकानों, शौचालयों और पशुधन हानि के लिए फौरी राहत राशि वितरित की गई है। एचडीएम
डीसी कांगड़ा के बोल
उपायुक्त कांगड़ा हेमराज बैरवा ने बताया कि जिला प्रशासन की ओर से राहत व पुनर्वास कार्य लगातार जारी हैं, ताकि प्रभावित लोगों को समय पर सहायता मिल सकें। उन्होंने बताया कि बरसात के मौसम में किसी भी प्रकार की आपदा के लिए 1077 टोल फ्री नंबर पर कंट्रोल रूम में 24 घंटे में कभी भी सूचित कर सकते हैं।

