नेरवा में शिरगुल देवता का प्राचीन मंदिर राख, सेब को 800 पौधे भी झुलसे

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व्यूरो रिपोर्ट

तहसील नेरवा की ग्राम पंचायत चइंजन में आग की चपेट में आने से शिरगुल देवता का प्राचीन मंदिर जल कर राख हो गया। साथ ही सेब के आठ सौ फलदार पौधे भी झुलस गए।

पंचायत प्रधान हेत राम कैंथला ने बताया कि छिनोग गांव के समीप घासणी में लगी आग हवा चलने से इस कद्र प्रचंड हो उठी कि इसने गाँव में बने शिरगुल मंदिर को अपनी चपेट में ले लिया।

आग इतनी प्रचंड हो चुकी थी कि किसी को भी इसे बुझाने का मौक़ा नहीं मिला और देखते ही देखते मंदिर सहित उसमे स्थापित शिरगुल देवता की मूर्ती और सारा सामान राख के ढेर में तबदील हो गया।

इसके साथ ही घासणी के समीप ग्रामीणों के सेब के आठ सौ फलदार पौधे भी आग की चपेट में आने से झुलस गए। तहसीलदार नेरवा जगपाल ने बताया कि पटवारी कपिल ने आग से हुए नुकसान की रिपोर्ट विभाग को भेज दी है। प्रभावितों को जल्दी ही सरकारी सहायता मैन्युअल के आधार पर राहत प्रदान कर दी जाएगी।

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