
धर्मशाला – राजीव जस्वाल
जलरक्षकों ने अपनी मांगों को लेकर बुधवार से जिला स्तर पर हड़ताल आरंभ कर दी है। जलरक्षकों का कहना है कि मांगें न मानने तक हड़ताल जारी रहेगी। जिला भर के जलरक्षक हड़ताल के लिए धर्मशाला पहुंचे हैं।
जल रक्षक यूनियन के जिलाध्यक्ष सन्नी कुमार ने बताया कि प्रदेश मुख्यालय शिमला में पहली अगस्त से हड़ताल शुरू की गई है, वहीं अब जिला स्तर पर भी हड़ताल शुरू की गई है। सरकार की ओर से हर बार आश्वासन दिए जाते हैं, लेकिन धरातल पर मांगों पर गौर नहीं किया जाता, यही वजह है कि उन्हें शिमला के साथ जिला स्तर पर हड़ताल शुरू करने को मजबूर होना पड़ा है।
जलरक्षकों की हड़ताल से जल वितरण प्रक्रिया प्रभावित होने पर जलरक्षकों का कहना है कि इसके लिए प्रदेश के मुख्यमंत्री और जल शक्ति मंत्री जिम्मेवार होंगे। जिलाध्यक्ष सन्नी कुमार ने कहा कि उनके कई सहयोगी 10 से 12 साल का कार्यकाल पूरा कर चुके हैं।
हमारी मांग है कि 8 साल का कार्यकाल पूरा कर चुके जलरक्षकों को अनुबंध पर लाया जाए, साथ ही पूरी तरह से इस वर्ग को जल शक्ति विभाग के अधीन लाया जाए। न तो पंचायत और न ही विभाग उन्हें अपना कर्मचारी मानने को तैयार है। वर्तमान में इस वर्ग को मानदेय भी नाममात्र दिया जा रहा है, जिससे परिवार चलाना मुश्किल हो रहा है। जिलाध्यक्ष ने कहा कि हड़ताल शुरू कर दी गई है और मांगें न मानने तक जल रक्षक हड़ताल पर डटे रहेंगे।
