
मंडी – डॉली चौहान
हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड ने दसवीं कक्षा का परीक्षा परिणाम घोषित कर दिया है, जिसमें सुंदरनगर के सिहली क्षेत्र से संबंध रखने वाली प्रियंका ने 700 में से 693 अंक लेकर पूरे प्रदेश में टॉप किया है।
प्रियंका के पिता डाक विभाग में ग्रामीण डाक सेवक के पद पर तैनात हैं और उनकी माता नीलम कुमारी गृहिणी हैं। प्रियंका ने मात्र तीन चार घंटे रोजाना पढ़ाई कर समूचे हिमाचल प्रदेश में टॉप करके स्थान प्राप्त किया है।
प्रियंका का सपना डॉक्टर बनना है और लोगों की सेवा करना है। प्रियंका ने यह मुकाम बिना किसी कोचिंग की प्राप्त किया है और इसका श्रेय माता-पिता और स्कूल के समस्त शिक्षकों और प्रबंधन वर्ग को दिया है।
वर्तमान में प्रियंका राजकीय आदर्श वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सुनी में प्लस वन में साइंस की स्टूडेंट है और प्रियंका के पिता डाक विभाग तत्तापानी में ग्रामीण डाक सेवक के पद पर पिछले 22 वर्षों से सेवाएं दे रहे हैं। प्रियंका परिवार में सबसे बड़ी है और उसके छोटी एक बहन रेखा और छोटा भाई पीयूष है।
प्रियंका की हिमाचल में 10वीं की बोर्ड की परीक्षा में टॉप करके जहां एक ओर अपने माता-पिता का सपना साकार किया है, वहीं दूसरी ओर प्रियंका की दादी गुलाबो देवी माता नीलम कुमारी बहन रेखा छोटा भाई पीयूष पिता प्रभु दयाल सहित परिवार में खुशी का माहौल है।
प्रियंका के पिता प्रभ दयाल का कहना है कि उनको उनकी बेटी प्रियंका की मेहनत पर पूरा विश्वास था और उनका यह सपना प्रियंका ने हिमाचल में 10वीं की बोर्ड की परीक्षा में टॉप करके साकार किया है। उन्होंने कहा कि प्रियंका का जो भी सपना होगा, वह उसको साकार करने में पूरा सहयोग करेंगे।
प्रियंका ने आज की युवा पीढ़ी को संदेश दिया है कि जरूरी ही नहीं है कि आप पढ़ाई में ही आगे बढक़र हर मुकाम हासिल कर सकते हैं। आप दूसरी खेलकूद सहित अन्य गतिविधियों में भी बढक़र अपने परिवार प्रदेश और देश का नाम रोशन कर सकते हैं। बशर्ते जरूरत है कि जो काम करना है, उसके ऊपर अपना ध्यान पूरी तरह से केंद्रित करें, तो अवश्य ही सफलता हाथ में लगती है।
इस उपलब्धि के लिए सरस्वती विद्या मंदिर तत्तापानी की संकुशल चंद्रप्रभा शर्मा ने प्रियंका की इस उपलब्धि पर उसे बधाई प्रेषित की है।
