
फतेहपुर / राजा का तालाब – अनिल शर्मा
राजा का तालाब की ऐतिहासिक धरोहर तालाब में फैली जलकुंभी बूटी व एलिगेटर बीड्स को खत्म करने के लिए 18 अप्रैल को तालाब में ग्लाइफोसेट प्लस यूरिया, मैट्स लफ्यूशन मिथाइल, पैराकोइट डाइक्लोराइड, टू-फोर डी अमाईन साल्ट व ग्लाइफोसेट के ऑन फॉर्म पांच ट्रायल लगाए गए थे।
इसी कड़ी में जिलाधीश कांगड़ा निपुण जिंदल के निर्देशानुसार सयुंक्त विभागों की टीम जिला कृषि अधिकारी डॉ. सुशील कुमार, कृषि विश्विद्यालय पालमपुर के वैज्ञानिक डॉ. दीप कुमार,प्रदेश जैव नियंत्रण प्रयोगशाला पालमपुर के प्रभारी डॉ. गौरव सूद, उपमंडलीय भू-सरंक्षण अधिकारी नूरपुर डॉ. शैलेश पाल सूद व मत्स्य विभाग अधिकारी फतेहपुर पंकज पटियाल ने गुरुवार को पंद्रह दिन पहले लगाए गए उपरोक्त ऑन फॉर्म ट्रायल का निरीक्षण किया ।
इस दौरान कृषि विश्विद्यालय के वैज्ञानिक डॉ. दीप कुमार व जिला कृषि अधिकारी डॉ. सुशील कुमार ने संयुक्त रूप में बताया कि खरपतवार नाशक के लिए 15 दिन पहले तालाब में लगाए गए पांच ऑन फॉर्म ट्रायल के परिणाम जानने के लिए सयुंक्त टीम द्वारा गुरुवार को इनका निरीक्षण किया गया।
सभी पांच ट्रायल के बेहतर परिणाम पाए गए हैं । परंतु ग्लाइफोसेट प्लस यूरिया का परिणाम काफी बेहतर रहा है । टीम ने बताया कि अगले पंद्रह दिनों के बाद ग्लाइफोसेट प्लस यूरिया का तालाब में छिड़काव किया जाएगा।आशा है कि इसके परिणाम और भी बेहतर आएंगे ।
इस बारे में उपनिदेशक कृषि पालमपुर के डॉ. राहुल कटोच ने बताया कि सयुंक्त टीम में शामिल मच्छली पालन विभाग, कृषि विश्विद्यालय व कृषि विभाग वैज्ञानिकों की संयुक्त टीम ने गुरुवार को राजा का तालाब के ऐतिहासिक धरोहर तालाब में लगाये गए ऑन फॉर्म ट्रायल के निरीक्षण में ग्लाइफोसेट प्लस यूरिया के परिणाम को काफी बेहतर पाया है ।
पंद्रह दिनों के उपरांत तालाब में उपरोक्त मिश्रण को तालाब में डाला जाएगा। उम्मीद है कि इसके परिणाम और भी बेहतर होंगे। और समस्या का जल्द समाधान होगा ।
ये रहे मोजुद
इस मौके पर कनिष्ठ अभियंता अरविंदर सिंह, ग्राम पंचायत नेरना प्रधान सुशील कुमार, सचिव रूमेल सिंह, राय सिंह, नगीन चंद शर्मा, पुरुषोत्तम सिंह, केशव सिंह, बाबू राम सहित अन्य शामिल रहे।
