
शिमला – नितिश पठानियां
हिमाचल प्रदेश में दो सीमेंट कंपनी और ट्रक ऑपरेटर के बीच विवाद थम नहीं रहा है।
सरकार ने दो दिन के भीतर कंपनी प्रबंधन से अधिकारियों को तय किए गए रेट पर वार्ता के निर्देश दे दिए हैं।
अगर कंपनी प्रबंधन उन रेट पर प्लांट शुरू नहीं करते हैं तो सरकार कानूनी कार्रवाई करने को तैयार है।
सरकार अडानी कंपनी को सीमेंट प्लांट की लीज रद्द करने पर भी विचार करेगी।
प्रदेश के उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि ट्रक ऑपरेटर्स के साथ बैठक हुई है।
उसमें ट्रक ऑपरेटर ने अपना किराया बता दिया है जिसे अधिकारी कंपनी को अवगत करवाएंगे।
हर्षवर्धन ने कहा कि यदि कंपनी तय किए गए रेट लागू करती है तो यह विवाद खत्म हो जाएगा।
कंपनी नहीं मानी तो सरकार को मजबूरन लीगल एक्शन लेना पड़ेगा।
यही नहीं अधिकारियों को कंपनी को दी गई जमीन की जांच करने को भी कहा गया है।
इसके साथ ही 118 की अनुमति कंपनी द्वारा ली गई है या नहीं और कंपनी कोई अवैध रूप से खनन तो नहीं कर रही है, इसकी भी जांच की जाएगी।
हिमाचल सरकार को हर रोज दो करोड़ का नुकसान हो रहा है। इसके अलावा ट्रक ऑपरेटर्स को भी काफी नुकसान हो रहा है।
सरकार ट्रक ऑपरेटर यूनियन के साथ नाइंसाफी नहीं होने देगी।
