
शिमला – नितिश पठानियां
हिमाचल प्रदेश के कुल्लू और लाहुल-स्पीति जिले में भारी हिमपात के कारण हिमालयी क्षेत्रों में हिमस्खलन का खतरा बढ़ गया है। मनाली स्थित रक्षा भू-सूचना विज्ञान अनुसंधान प्रतिष्ठान (डीजीआरई) ने अलर्ट जारी किया है।
डीजीआरई ने हिमाचल से लेकर कुपवाड़ा और कारगिल के हिमालयी इलाकों के सात जगहों पर हिमखंड गिरने की आशंका जताई है।
येलो अलर्ट के बीच हुई बर्फबारी से अटल टनल रोहतांग, मनाली-लेह राष्ट्रीय राजमार्ग समेत करीब 182 सडक़ें वाहनों की आवाजाही के लिए बंद हैं। राज्य में 163 बिजली ट्रांसफॉर्मर भी ठप पड़े हैं।
लाहुल और कुल्लू की ऊंची चोटियों पर हिमपात, जबकि निचले क्षेत्रों में बारिश हुई है। बारिश के बाद किसानों और बागवानों ने राहत की सांस ली है।
मनाली-लेह राष्ट्रीय राजमार्ग, नेशनल हाइवे-505 हिमपात के कारण सभी प्रकार के वाहनों की आवाजाही के लिए बंद है। प्रशासन की ओर से लोगों से अनावश्यक यात्रा नहीं करने की अपील की गई है।
खजियार और जोत में हिमपात
विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थल खजियार व जोत ने बर्फ की सफेद चादर ओढ़ ली है। खजियार में आधा फुट और जोत में एक फुट ताजा बर्फबारी रिकार्ड की गई है।
बर्फबारी के कारण जोत मार्ग पर वाहनों की आवाजाही ठप होकर रह गई है। लोक निर्माण की विभाग की टीम ने जेसीबी मशीनों के सहयोग से मार्ग से बर्फ हटाने का काम आरंभ कर दिया है।
